धर्मांतरण पर मुलायम की ‘पलटी’, विपक्ष हैरान
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धर्मांतरण के मुद्दे पर सपा प्रमुख मुलायम सिंह की पलटी ने सबको हैरान कर दिया। दरअसल पहले तो मुलायम ने देश भर में दंगा भड़कने की चेतावनी दे कर तत्काल चर्चा की मांग की।
मगर जब चर्चा शुरू हुई तो इसे गैर जरूरी बता दिया। इस दौरान जहां विपक्षी सांसद मुलायम के बदले रुख से हैरान परेशान एक-दूसरे का मुंह ताक रहे थे, तो सत्ता पक्ष जम कर मेज थपथपा रहा था।
मुलायम के बदले रुख की वजह से ही शायद एआईएमएम के असादुद्दीन ओवैसी ने उन पर भाजपा से सांठगांठ का आरोप लगाया। खास बात यह रही है कि सपा प्रमुख ने पहली बार सार्वजनिक रूप से अपनी दूसरी शादी की चर्चा की।
सार्वजनिक रूप से की अपनी दूसरी शादी की चर्चा
इस दौरान मुलायम ने लोहिया के जाति तोड़ो आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा कि उनके पुत्र अखिलेश (मुख्यमंत्री) ने ही नहीं उन्होंने भी अपनी दूसरी शादी जाति के बंधन को तोड़ कर की।
अपने भाषण में मुलायम ने छात्र जीवन में अनुसूचित जाति के छात्र के साथ भोजन करने पर हुए सामाजिक बहिष्कार की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि चर्चा कर समाधान न निकलने पर धीरे-धीरे यह मामला अन्य क्षेत्रों में फैलेगा और इससे दंगा भड़क जाएगा।
मगर जब चर्चा में भाषण के बारी आई तो मुलायम पूरी तरह बदल गए। उन्होंने न केवल चर्चा के औचित्य पर सवाल खड़े किए बल्कि कहा कि आगरा का मामला कोई मुद्दा ही नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘यह कोई मुद्दा ही नहीं है। फिर हम क्यों बहस कर रहे हैं? बस अखबारों में पढ़ कर? मुझे डर है कि इस चर्चा का कहीं उल्टा असर न हो जाए।’