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ओबामा की वजह से भूखे रहे मुरादाबाद के घोड़े

Wed, 28 Jan 2015 02:10 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली Updated Wed, 28 Jan 2015 02:10 PM IST
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Obama's cancelled Taj visit took a crisis on Moradabad's horses.

तीन दिवसीय भारत यात्रा पर आए ओबामा ने भले ही ताज देखने का अपना प्लान रद्द कर दिया था लेकिन उनके ताज देखने की तैयारी ने कई चीजों पर इतना बुरा असर डाला है जिसकी कल्पना भी नहीं की सकती।

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ओबामा के ताजमहल देखने की तैयारी में यूपी के मुरादाबाद के करीब 75 घोड़ों को 15 दिन तक भूखा रहना पड़ा। ईटी की रिपोर्ट के अनुसार, ओबामा के आगरा आने की तैयारी के चलते ताज परिसर की सुरक्षा 15 दिन पहले से ही सख्त कर दी गई थी जिससे यहां की घास के भरोसे जी रहे घोड़ों को के लिए यह किसी आफत से कम नहीं थी।
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ताज के निकट मौजूद डॉ. भीमराव अंबेडकर पुलिस अकादमी के ग्राउंड में काफी घास होती है जिनसे घोड़ों को रोजाना घास जाती है। लेकिन ओबामा के ताज देखने की तैयारी में 15 दिन तक इस अकादमी की घास काटने पर रोक लगी रही।

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बंदर, कुत्तों पर भी आई आफत

Obama's cancelled Taj visit took a crisis on Moradabad's horses.

अपने घोड़ों के लिए आगरा एयरफोर्स बेस पर घास काटने आने वाले एक शख्स का कहना है कि उनके घोड़ों के चारे का जरिया केवल एयरफोर्स बेस ही है। लेकिन ओबामा के यहां आने से सुरक्षा एजेंसियों ने मजदूरों के एयरफोर्स बेस पर घास काटने पर रोक लगा दी थी।

उन्होंने बताया कि कई दिन तक घास काटने पर रोक लगी रही जिससे घोड़ों को जिंदा बनाए रखने की मुसीबत सामने आ गई। उन्होंने कहा कि इस दौरान वे घोड़े के चारे के लिए वह चंडीगढ़ और ग्वालियर भी गए लेकिन वहां पर चारे की दोगुनी कीमत देने पर भी पर्याप्त चारा नहीं मिल पाया।

खास बात यह है यूपी में उन खास नस्ल के घोड़े भी पाए जाते हैं जिन पर गुलामी के दौरान अंग्रेजों को नाज होता था। खासकर मारवाड़ी और काठियावाड़ी घोड़े भी यहां की प्रसिद्ध नस्ल हैं जिनके लिए दिन में दो बार घास जरूरी होती है। बताया जाता है कि इन घोड़ों को घास बहुत पसंद होती है।


हलांकि यह आफत सिर्फ मुरादाबाद के घोड़ों पर ही नहीं आई बल्कि आगरा के अवारा कुत्तों, बंदरों और अन्य पशुओं पर भी आई है जिन्हें पकड़कर कुछ दिन के लिए एक बाउंडरी के अंदर रखा गया था।

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