आजम की टिप्पणी पर बोली रेप पीड़िता, यह अपमान है मेरा
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गुरुवार को कानपुर में हुए एक कार्यक्रम में शिरकत कर रहे यूपी कैबिनेट के वरिष्ठ मंत्री आज़म खां अपनी एक टिप्पणी की वजह से विवादों में आ गए। उन्होंने एक रेप पीड़िता पर टिप्पणी की थी। तमाम राजनीतिक पार्टियों के अलावा खुद रेप पीडि़ता ने आजम की इस टिप्पणी को अपना अपमान बताया है।
दरअसल कानपुर में रेप के आरोपियों कि गिरफ्तारी की मांग को लेकर आजम खां से मिलने गई एक रेप पीड़िता को वहां की पुलिस ने आजम खां से मिलने नहीं दिया। इस पर वहां पर हंगामा हुआ। इस घटना को आजम खां चुपचाप देख रहे थे। बाद में जब आजम ने मंच संभाला तो इस पर विवादित बातें कर बैठे।
आजम ने कहा कि कोई मोहतरमा उनसे मिलने आईं थीं। कुछ हंगामा हो रहा था मैं समझ नहीं पाया कि मामला क्या है। लेकिन यह कहना चाहता हूं कि "उसके साथ जो कुछ हुआ उससे उन्हें शोहरत मिली। इस तरह के हंगामे से शोहरत ही मिलती हैं। वह ऐसा न करें"
आजम खां के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में इस बात की तीखी भर्त्सना हुई। कुछ महिला संगठनों ने भी इस मुद्दे पर आजम खां की आलोचना की। इस मामले में अभी तक आजम खां की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
अमर उजाला ने की रेप पीडि़ता से बात
अमर उजाला ने रेप पीड़िता से बात की तो उसका दर्द उजागर हुआ। उसने कहा कि आजम खां की यह टिप्पणी मेरा अपमान है। उस हंगामे के बाद मैं वहां से चली आई थी। मेरे घर तो टीवी भी नहीं है कि मैं यह देख सकूं कि आजम खां क्या बोले। लोगों ने ही मुझे बताया कि आजम खां ने कहा कि वह शोहरत के लिए ऐसा कर रही हैं।
आजम खां के बयान पर दुख जताने के साथ कानपुर की रेप पीड़िता ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाएं। उसका कहना है कि जुलाई कि उसके साथ उसके पति की मौजूदगी में एक चलती वैन में रेप किया गया। उन दंरिदों ने पति को घायल कर दिया। फिर हमें रात में सड़क पर फेंककर वह भाग गए।
यूपी पुलिस ने मेरा रेप करने वालों के खिलाफ रेप की नहीं बल्कि छेड़छाड़ की धाराएं लगाईं। वे आज भी शहर में खुले घूम रहे हैं और मुझ पर आते-जाते टिप्पणियां कर रहे हैं।
रेप पीड़िता ने कहा कि मैं वहां आजम खां के पास अपने लिए इंसाफ की गुहार लगाने गई थी। वहां पुलिस ने मुझे आजम खां से मिलने तक नहीं दिया। और तो और मेरे साथ धक्का-मुक्की करते हुए बदतमीजी भी की।
रेप पीड़िता महिला का आरोप है कि कानपुर की पुलिस उसे और उसके परिवार को धरा-धमका कर आरोपियों के साथ समझौता करने का दबाव बना रही है।
अब यह मामला कोर्ट में है। रेप पीड़ता का केस देखने वाली वकील रश्मि चौहान कहती हैं कि रेप पीड़िता का गलत मेडिकल कराया गया। पुलिस ने नए सिरे से मेडिकल की हमारी मांग का खारिज कर दिया।
रेप पीड़ता और उनकी वकील दोनों का कहना है कि वह इस मामले में हाईकोर्ट तक की लड़ाई लड़ेंगी। वह किसी भी सूरत में आरोपियों से समझौता नहीं करेंगी।