संसद में बोले मोदी, हम देश के रखवाले
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राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के अभिभाषण पर लोकसभा में हो रही चर्चा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपना जवाब दिया। भाषण से पहले नरेंद्र मोदी ने कहा कि सदन कई वरिष्ठ नेता है, यदि मुझसे कोई गलती हो जाए तो क्षमा करें।
राष्ट्रपति के अभिभाषण में रखे प्रस्तावों पर उन्होंने कहा कि विपक्ष पूछ रहा है कि मैं अपने वादें कैसे पूरा करूंगा? कब पूरा करूंगा? विपक्ष ने सही विषय को उठाया है। मुझे ऐसे सवाल की उम्मीद थी।
उन्होंने कहा कि मैं सदन को आश्वासन देता हूं कि राष्ट्रपति के अभिभाषण में किए गए वादों को पूरा करूंगा। ये भाषण महज औपचारिकता नहीं है।
लोकसभा में भी नहीं भूले गुजरात
नरेंद्र मोदी लोकसभा में भी गुजररात का उदाहरण देना नहीं भूले। विपक्ष के सवालों के जवाब में उन्होंने कहा कि जब मैं गुजरात का मुख्यमंत्री बना, विधानसभा में मैंने कहा कि मैं गुजरात के सभी गांवों में बिजली पहुंचाना चाहता हूं। सभी ने मेरी बात का स्वागत किया। मेजें थपथपाई। लेकिन कांग्रेस नेता अमर चौधरी मुझसे मिलने आए। उन्होंने कहाकि ये संभव ही नहीं। आप गांवों को कैसे 24 घंटे बिजली देंगे।
उन्होंने कहा कि गुजरात को 24 घंटे बिजली दी गई। मुझे आनंद आया कि वे काम हो गया। मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण में किए गए वादों को पूरा करने में वे कोई कोताही नहीं बरतेंगे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण को गरिमा गंभीरता देनी चाहिए। सभी को मिलकर वादों को पूरा करने का प्रयास करना चाहिए।
'जनता की उम्मीदों के दूत हैं'
लोकसभा में मोदी ने अपने पहले भाषण में कहा, 'हम जनता के उम्मीदों के दूत हैं। संसद के आने के बाद हम जनता के उम्मीद के रखवाले हैं। किसी को अपने दायित्व दूत के रूप में पूरा करना होगा किसी को रखवाला बनकर।'
उन्होंने कहा कि देश के सवासौ करोड़ नागरिकों ने पहली बार स्थिरता, विकास और सुशासन को वोट किया है। मैं चुनाव परिणाम की सरहना करता हूं।
अपनी सरकार के योजनओं के की रूपरेखा तय करते हुए मोदी ने कहा कि विश्व के सामने भारत के सामर्थ्यवान के रूप प्रस्तुत करने का समय आ गया है। भारत एक विशाल लोकतंत्र है। हमें इसकी ताकत का अहसास करना होगा।
'ये सरकार गरीबों की सरकार है'
मोदी ने लोकसभा में पूछा कि क्या सरकार केवल अमीरों और पढेलिखें लोगों की होनी चाहिए?
जवाब में उन्होंने कहा कि अमीर अपने बच्चों को अच्छे स्कूलों में पढ़ा सकते हैं। उन्हें अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं दे सकते हैं। लेकिन गरीबों के लिए ये मुश्किल है। ये सरकार गरीबों की है। हम गरीबो की सुविधाओं का इंतजमा करेंगे।
मोदी ने कहा कि हमारी सरकार गरीबों को गरीबी से बाहर लाने की कोशिश करेगी। उन्होंने कहा कि यदि गांवों को विकास किया जाएगा, उन्हें 24 घंटे बिजली, अच्छी शिक्षा, उद्योग दिए जाएंगे, गांव कोई नहीं छोड़ेगा।
'कृषि में तकनीकी का प्रयोग किया जाए'
मोदी ने कहा कि हमें कृषि आधारित अर्थव्यवस्था का निर्माण करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि सिक्किम एक छोटा सा राज्य है, लेकिन जल्द ही ये ऑर्गेनिक राज्य बन जाएगा। आर्गेनिक उत्पादों का दुनिया भर में बाजार है। इन्हें नॉर्थइस्ट में भी प्रमोट किया जाएगा।
मोदी ने कहा कि हमने गुजरात में किसानों के लिए सॉइल कार्ड बनाया है, क्या इसे पूरे देश में नहीं लागू किया जा सकता।
उन्होंने कहा कि कृषि में जितनी तेजी से तकनीकी का प्रयोग किया जाएगा, वह देश के विकास के लिए बेहतर होगा। मोदी ने कहा कि दलहन की खेती को बढ़ाने के लिए प्रयोग होने चाहिए।