दुबई में बोले मोदी, मुसीबतें हमें विरासत में मिलीं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के दौरे पर हैं। अपने दौरे के दूसरे दिन मैसडर में उन्होंने व्यापारियों के साथ बैठक की और उन्हें भारत में निवेश के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि भारत में करीब एक ट्रिलियन डॉलर के निवेश की संभावना है।
मोदी ने कहा की एक लंबे अंतराल के बाद भारत में पूर्ण बहुमत वाली सरकार आई है और देश की जनता को सरकार से काफी उम्मीदें हैं। उन्होंने भारत में निवेश के लिए आह्वान करते हुए अपने भविष्य की योजनाओं के बारे में व्यापारियों को अवगत कराया। उन्होंने पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि हमें परेशानियां विरासत में मिली हैं। पूर्व की सरकार ने सही समय पर फैसला नहीं लिया।
उन्होंने बताया कि रेलवे में सौ प्रतिशत एफडीआई शुरू की गई जिससे की रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास के लिए दूसरे लोग भी आगे आएं और इस दिशा में कई देश भारत में निवेश भी कर रहे हैं।
दुबई से लेंगे मदद
मोदी ने कहा कि वह देश के करीब 500 रेलवे स्टेशनों का विकास करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि इन स्टेशनों को भव्य बनाए की दिशा में काम होगा और उसे फाइव स्टार होटल के रुप में परिवर्तित जाएगा।
पीएम ने कहा कि दुबई ने दुनिया को रेगिस्तान देखने पर मजबूर किया है तो क्या भारत ऐसा नहीं कर सकता। हम भी इस इस दिशा में काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा उनकी सरकार का लक्ष्य है कि वह 2022 तक देश में 5 करोड़ सस्ते घरों का निर्माण करे। इन घरों को आजादी के 75 साल होने के पूर्व बनाने की कोशिश जारी है। इसके लिए जरूरी तकनीक, योजनाओं और निवेश के लिए हम सबकी मदद लेंगे।
पीएम ने कहा कि देश में कृषि उत्पादों की बर्बादी एक बड़ी चिंता का विषय है। इस बर्बादी को जघन्य अपराध की तरह देखा जाना चाहिए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जिस एग्रो प्रोडक्ट का हम इस्तेमाल नहीं कर पा रहे उसे गरीबों को दे देना चाहिए। हमारे पास उपयोग से ज्यादा एग्रो प्रोडक्ट है तो दूसरे गरीब देशों को भी मुफ्त में दिया जा सकता है।