गौ-संरक्षण बिल का बीजेपी ने किया विरोध
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मध्य प्रदेश में 'गौ-संरक्षण' के लिए कांग्रेस के एक मुस्लिम विधायक ने विधानसभा में एक बिल पेश किया, लेकिन बीजेपी के विरोध के चलते यह पास नहीं हो सका।
कांग्रेस विधायक आरिफ अकील की ओर से ये बिल विधानसभा में लाया गया। जिसका विरोध बीजेपी ने विधानसभा में किया। अंजाम ये हुआ कि बिल सदन में गिर गया।
कांग्रेस विधायक ने इस मुद्दे पर राज्य की बीजेपी की सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा, "संघ परिवार गाय को 'गौ-माता' के रूप में पूजते हैं, लेकिन बूढ़ी गायों को मरने के लिए छोड़ दिया जाता है। इनको बचाने के लिए कोई कदम नहीं उठाए जा रहे।"
कांग्रेस विधायक की ओर से आया था बिल
कांग्रेस विधायक आरिफ अकील ने राज्य की बीजेपी सरकार पर सवाल खड़े करते हुए कहा, "राज्य सरकार भी इस मामले में गंभीर नहीं दिख रही है, जिसका उन्हें मलाल है।"
कांग्रेस विधायक ने कहा, "इस मामले में राज्य सरकार को ध्यान देना चाहिए और एक उचित प्रणाली का निर्धारण करना चाहिए, जिससे गौ-रक्षा पर ध्यान दिया जा सके। साथ ही गाय की मौत होने पर सरकारी खर्चे पर उसके अंतिम संस्कार की व्यवस्था की जानी चाहिए।"
इस मामले पर बीजेपी नेता और राज्य की पशुपालन मंत्री कुसुम मेहदले ने कांग्रेस विधायक की ओर से उठाए गए सवाल पर सरकार की ओर से सफाई पेश की।
उन्होंने कांग्रेस नेता पर अपरोक्ष रूप से निशाना साधते हुए कहा, "विधायक महोदय को उनके इस कार्य के लिए अवॉर्ड दिया जाना चाहिए।" इसके साथ ही उन्होंने इस मुद्दे पर कोई भी कदम उठाने से इंकार कर दिया।
कांग्रेस का शिवराज सरकार पर निशाना
अब इस मुद्दे पर कांग्रेस विधायक आरिफ अकील ने बीजेपी पर लोगों की जन-भावनाओं से खेलने का आरोप लगाया है। अकील भोपाल उत्तरी से कांग्रेस का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं और पिछले पांच बार से लगातार जीतते आ रहे हैं।
अकील ने विधानसभा में भी इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाया। उन्होंने कहा, "बीजेपी ने लोकसभा चुनाव के दौरान भी गौ-संरक्षण का मुद्दा जोर-शोर से उठाया था। लेकिन अब वो अपने इस एजेंडे से पीछे हट रही है।" इस मुद्दे पर विधानसभा में काफी हंगामा भी देखने को मिला था।
आखिर में इस बिल पर विधानसभा अध्यक्ष ने ध्वनि मत से वोट कराने का फैसला लिया। जिसमें बिल के पक्ष में 31 और बिल के विरोध में 55 वोट पड़े। इसके साथ ही कांग्रेस नेता की ओर से लाया गया बिल गिर गया।