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खाद्य सुरक्षा बिल की राह रोकेंगे मुलायम सिंह यादव

Wed, 20 Feb 2013 10:26 PM IST
नई दिल्ली/धीरज कनोजिया
नई दिल्ली/धीरज कनोजिया Updated Wed, 20 Feb 2013 10:26 PM IST
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mulayam singh yadav will block path of food security bill

संसद के बजट सत्र में यूपीए सरकार की मुश्किलों को सपा चौगुना करने में जुट गई है। दरअसल, सपा ने अब कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के दिल के सबसे करीब खाद्य सुरक्षा विधेयक को पटरी से उतारने का मन बना लिया है।

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जस्टिस वर्मा समिति की सिफारिश पर महिला सुरक्षा अध्यादेश पर सवाल उठाने के बाद अब सपा ने खाद्य सुरक्षा बिल को किसान विरोधी बताते हुए इसका विरोध करने का मन बनाया है। सपा का कहना है कि जब तक सरकार किसानों के शत प्रतिशत पैदावार खरीदने की गारंटी नहीं देती तब तक वह खाद्य सुरक्षा बिल पारित नहीं होने देगी।
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2014 के लोकसभा चुनाव से पहले यूपीए सरकार के आखिरी बजट में सपा कांग्रेस से सारे हिसाब बराबर करने में जुट गई है। लिहाजा, कांग्रेस की सियासत के लिहाज से कैश सब्सिडी के बाद दूसरा बड़ा गेम चेंजर माने जाने वाले खाद्य सुरक्षा विधेयक को रोकने का सपा ने दांव फेंक दिया है। कांग्रेस पर सियासी दबाव बनाने के लिए सपा ने बिल में समर्थन की एवज में ऐसी शर्त रखी है, जिसे सरकार की ओर से मंजूर करना आसान नहीं होगा।
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सपा महासचिव राम गोपाल यादव ने कहा कि खाद्य सुरक्षा विधेयक के कई बिंदु किसान विरोधी हैं। इन बिंदुओं के साथ इसे पार्टी मंजूर नहीं कर सकती। सपा की शर्त है कि सरकार किसानों के उत्पादन को खरीदने में शत प्रतिशत गारंटी दे। सपा तर्क दे रही है कि बिल आने के बाद किसानों का माल कहां बिकेगा।


एपीएल और बीपीएल को सस्ते में अनाज मिलेगा, तो क्या किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य मिल पाएगा। अगर उनका माल कम मूल्य में बिका तो पहले से परेशान किसान के लिए संकट और बढ़ जाएगा। सपा महासचिव नरेश अग्रवाल ने कहा है कि सरकार को स्पष्ट तौर पर अपनी नीति रखनी पडे़गी। तब ही सपा अपना समर्थन देगी। सपा ने इस कानून से राज्य सरकारों को सब्सिडी के नुकसान होने की बात भी कह रही है।

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