फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   mortgage in possession of militants, army hands tied in Assam.

असम: उग्रवादियों के कब्जे में बंधक, सेना के बंधे हाथ

Sat, 27 Dec 2014 01:09 AM IST
Updated Sat, 27 Dec 2014 01:09 AM IST
विज्ञापन
mortgage in possession of militants, army hands tied in Assam.

असम में उग्रवादी संगठन एनडीएफबी (एस) के कब्जे में कम से कम पांच बांग्लाभाषी बंधकों के होने की वजह से जंगलों में कड़ी कार्रवाई की योजना बना रही सेना, अर्धसैनिक बल और असम पुलिस पशोपेश में हैं।

विज्ञापन


हालांकि, केंद्र सरकार ने सेना को असम, मेघालय और अरुणाचल के जंगलों में छिपे इस गुट के सफाए की हरी झंडी दे दी है।

असम की दो दिन की यात्रा से लौटे गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को सेना प्रमुख जनरल दलबीर सिंह के साथ बैठक कर ऑपरेशन की जटिलता का ब्यौरा लिया।

सूत्रों ने अमर उजाला को बताया कि गृहमंत्री को खुफिया एजेंसियों से शिकायतें मिली हैं कि असम पुलिस और सेना जंगलों में लगातार कार्रवाई नहीं कर रही थीं। इसकी वजह से एनडीएफबी के इस गुट ने खासी मजबूती हासिल कर ली।
विज्ञापन


यह हालात तब है जब असम के यूनिफाइड कमांड की कमान खुद मुख्यमंत्री तरुण गोगोई के हाथ में है। राजनाथ ने सेना प्रमुख को तय समय सीमा में गुट के सफाए का निर्देश दिया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

कमांडर बैदी ने लिया था जनसंहार का फैसला

mortgage in possession of militants, army hands tied in Assam.

हालात की जटिलता को देखते हुए जनरल सिंह शनिवार को असम रवाना हो रहे हैं। वह इस कार्रवाई की कमान का शुरुआती संचालन खुद करेंगे।

सूत्रों ने बताया कि 21 दिसंबर को चिरांग में हुई एक सैन्य कार्रवाई में सुरक्षा बलों ने एक बंधक को छुड़ाकर दो उग्रवादियों को मार गिराया था। लेकिन मौके का फायदा उठाकर बाकी उग्रवादी भाग निकले।

उन्होंने पांच से सात लोगों को बंधक बना रखा है। चिरांग की कार्रवाई के बाद एनडीएफबी (एस) के बैदी नाम के कमांडर ने आदिवासियों के जनसंहार का फैसला किया।

यह वही बैदी है जो पिछले दिनों सेना और पुलिस की ढीली कार्रवाई की वजह से अपनी जमीन मजबूत करने में कामयाब हो गया। बैदी को म्यांमार में छिपे सोंगबिजीत का समर्थन मिला लेकिन दूसरे साथियों ने बैदी के साथियों ने भी किया था।

अबतक की सूचना के मुताबिक बैदी ने बंधकों को अरुणाचल या भूटान सीमा के पास के जंगलों में महफूज रखा है। यही वजह है कि केंद्र सरकार भूटान और म्यांमार की सरकार के साथ साझा कार्रवाई की तैयारी में है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed