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'सभी धर्मों को साथ लेकर चलने की अपील'

Thu, 22 Oct 2015 05:24 PM IST
Updated Thu, 22 Oct 2015 05:24 PM IST
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Mohan bhagwat speech at dashahara rally

आरएसएस की तरफ से आयोजित दशहरा रैली के अवसर पर संघ प्रमुख मोहन भागवत ने वहां उपस्थित स्वयंसेवकों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि हमें सबसे पहले यह सोचना चाहिए कि देश को दुनिया के शिखर पर कैसे पहुंचाया जाए।

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भागवत ने कहा कि सभी धर्म संप्रदायों को साथ लेकर चलना चाहिए। वे बोले कि सनातन संस्कृति विविधता में एकता का आधार है, जो छोटी-मोटी बातों से खराब नहीं होती है। भागवत ने लोगों से यह भी अपील की कि वे सिर्फ संघ के दर्शक बने न रहें, बल्कि संघ से जुड़ें और फिर समाज के उत्कर्ष में लग जाएं।
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वे बोले कि भारत हर किसी की मदद करता है। नेपाल के भूकंप में, मालदीव में पानी की कमी जैसी परेशानी और यमन से बंधकों को निकालने जैसे काम किए हैं। भागवत ने कहा कि दुनिया को भारत से उम्मीदें बढ़ गई हैं।
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भागवत ने मोदी सरकार के काम को लेकर खुशी जताई है। उन्होंने कहा कि दो साल पहले तक लोग परेशान थे, लेकिन अब सभी के दिल में विश्वास है कि कुछ होगा। उन्होंने पीएम मोदी की तरफ से शुरू की गई जनधन योजना और मुद्रा बैंक की भी तारीफ की।

परंपरा से छेड़छाड़ को कहा गलत

Mohan bhagwat speech at dashahara rally

भागवत ने कहा कि जनसंख्या देश की संपत्ति है। वे बोले कि 50 साल बाद दुनिया के अधिकतर देशों की तुलना में भारत में काम करने वाले हाथ अधिक होंगे, न कि बूढ़े लोग।

भागवत बोले कि इस समय सबके लिए समान जनसंख्या नीति की जरूरत है। जितनी अधिक जनसंख्या बढ़ेगी उतने ही अधिक अन्न की भी जरूरत पड़ेगी।

उन्होंने जैन समुदाय की परंपरा संथारा का उदाहरण देते हुए कहा कि ऐसी परंपराओं को बंद करने से पहले आचार्यों से बात करनी चाहिए, न कि उन्हें ठेस पहुंचाना चाहिए। संवाद से ही हल निकाला जाना चाहिए।

शिक्षा का मुद्दा उठाते हुए वे बोले कि शिक्षा को विकेंद्रित करना होगा न कि एक जगह बैठकर पूरे देश की शिक्षा नीति को निर्धारित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षक भी उच्च गुणवत्ता के होने चाहिए। वे बोले कि शिक्षा का उद्देश्य सिर्फ पेट भरना नहीं होना चाहिए।

RSS की पोशाक में गडकरी और फडणवीस

Mohan bhagwat speech at dashahara rally

भागवत ने कहा कि देश में चुनाव व्यवस्था में भी बदलाव की जरूरत है, ताकि भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जा सके। उन्होंने भारतीय संस्कृति की तारीफ करते हुए कहा कि यह दुनिया की सबसे अच्छी संस्कृति है। वे बोले कि भारते के योग और भागवत गीता की दुनियाभर में चर्चा है।

आपको बता दें कि आरएसएस की तरफ से दशहरा रैली हर साल आयोजित की जाती है। इस बार की रैली में नितिन गडकरी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस आरएसएस की पोशाक में ही पहुंचे थे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ट्वीट करके आरएसएस के 90 साल पूरे होने पर सभी स्वयंसेवकों को बधाई दी है। इस मौके पर आरएसएस के कार्यकर्ताओं ने मिलकर परेड भी की। आरएसएस की तरफ से हर साल दशहरा रैली का आयोजन किया जाता है।

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