फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   modi in global media after goa conference

विश्व मीडिया में भी गूंजी मोदी की 'ताजपोशी'

Mon, 10 Jun 2013 01:41 PM IST
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क Updated Mon, 10 Jun 2013 01:41 PM IST
विज्ञापन
modi in global media after goa conference

गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के भारतीय जनता पार्टी की चुनाव कमान संभालने का मुद्दा विश्व मीडिया में भी गूंजा है। मीडिया में मोदी को कट्टरपंथी और हिंदूवादी विचाराधारा को आगे बढ़ाने वाला कहा है।

विज्ञापन


पाकिस्तान मीडिया ने मोदी को एक कट्टरपंथी नेता करार देते हुए वर्ष 2002 के गुजरात दंगों में उनकी कथित भूमिका का जिक्र किया है।

रेडियो पाकिस्तान ने कहा कि मोदी की नई भूमिका को लेकर लालकृष्ण आडवाणी जैसे नेताओं ने गोवा सम्मेलन में भाग नहीं लिया क्योंकि उनका मानना था कि मोदी की विवादास्पद छवि के कारण पार्टी को चुनावों में नुकसान होगा।
विज्ञापन


ब्रिटिश अखबार इंडिपेंडेंट ने अपने एक लेख में कहा कि समाज में ध्रुवीकरण पैदा करने वाले मोदी भारत की प्रधानमंत्री की कुर्सी तक पहुंचने के अभियान में आगे बढ़ गये हैं। अब उनका मुकाबला कांग्रेस के दावेदार राहुल गांधी से होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


चीन के साउथ मॉर्निंग चाइना पोस्ट ने मोदी को 'हिंदू राष्ट्रवादी' कह कर संबोधित किया है।

मोदी लोकप्रिय भी
बीबीसी ने भी इसे प्रमुखता से उठाते हुए कहा कि भारत के मध्यम वर्ग और व्यापारी समुदाय के लिए मोदी एक चमत्कारी नेता हैं।


उन्होंने गुजरात को आर्थिक गतिविधियों के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित कर देश-विदेश से निवेशकों को आमंत्रित किया है।

बीबीसी ने गुजरात दंगों का हवाला देते हुए कहा है कि मोदी को बहुत से लोग समाज में फूट पैदा करने वाला व्यक्ति मानते हैं तथा उन्हें लेकर अल्पसंख्यक समुदाय में बहुत सी आशंकाएं हैं।

वाशिंगटन पोस्ट ने कहा कि मोदी भारतीय मध्यम वर्ग में पसंद किए जाते हैं और वह हिंदूवादी विचारधारा को आगे बढ़ायेंगे।

मोदी को चुनावी कमान सौंपने से भाजपा को कुछ फायदा होगा लेकिन नए सहयोगी दलों को जुटाना मुश्किल हो जाएगा।

अखबार ने कहा कि अमेरिका के धार्मिक स्वतंत्रता संबंधी आयोग ने पिछले महीने ही अपनी रिपोर्ट में मोदी पर अंगुली उठायी थी। आयोग ने अमेरिकी सरकार को सलाह दी थी कि मोदी को वहां आने के लिए वीजा नहीं दिया जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed