फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   modi government says land bill is necessary for development of india

मोदी सरकार बोली देश के विकास के लिए भूमि बिल जरूरी

Sat, 30 May 2015 09:37 AM IST
Updated Sat, 30 May 2015 09:37 AM IST
विज्ञापन
modi government says land bill is necessary for development of india

भूमि अधिग्रहण बिल पर गठित संसद की संयुक्त समिति की शुक्रवार को हुई पहली बैठक में मोदी सरकार ने बिल को देश, खासकर ग्रामीण क्षेत्र के विकास के लिए बेहद अहम बताया। बैठक में 8 और 9 जून को होने वाली समिति की दूसरी और तीसरी बैठक से पहले किसान संगठनों से राय लिए पर सहमति बनी।

विज्ञापन


हालांकि सरकार चाहती थी कि किसान संगठनों से पहले बिल पर औद्योगिक संगठनों की राय ली जाए। मगर इसका माकपा के मोहम्मद सलीम, कांग्रेस के जयराम रमेश और तृणमूल कांग्रेस के डेरेक ओब्रायन ने तीखा विरोध किया।
विज्ञापन


इनके समर्थन में जदयू के शरद यादव और एनसीपी के शरद पवार के आ जाने के बाद समिति ने किसान संगठनों की राय जानने के बाद औद्योगिक संगठनों से बातचीत का फैसला किया। समिति जल्द ही किसान संगठनों को बिल पर अपनी राय देने के लिए पत्र लिखेगी। विपक्ष 8 जून को होने वाली समिति की दूसरी बैठक में अपना पक्ष रखेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

'किसानों को अपनी जमीन का पहले से ज्यादा मुआवजा'

modi government says land bill is necessary for development of india

बैठक में सरकार ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में विकास की आधारभूत संरचना तैयार करने के लिए पुराने बिल में संशोधन जरूरी हो गया था। सरकार ने दावा किया कि संशोधित बिल के कानूनी जामा पहनने के बाद न केवल विकास के नए अवसर पैदा होंगे, बल्कि किसानों को अपनी जमीन का पहले से ज्यादा मुआवजा भी मिलेगा।

इस दौरान सरकार की ओर से समिति के अध्यक्ष एसएस अहलूवालिया ने पुराने बिल की खामियां भी गिनाई। उन्होंने कहा कि सरकार पुराने बिल की आलोचना नहीं कर रही। उस समय भाजपा ने बिल का समर्थन किया था। पुराने बिल के कानूनी जामा पहनने के बाद कई तरह की दिक्कतें सामने आईं। कई राज्यों ने बिल के कुछ प्रावधानों में परिवर्तन की मांग की थी।

बहुमत के अभाव में इस बिल को कानूनी जामा नहीं पहना पाई

modi government says land bill is necessary for development of india

अहलूवालिया ने कहा कि बिल में संशोधन और नया प्रावधान कर सरकार का इरादा भूमि अधिग्रहण की स्थिति में किसानों को ज्यादा से ज्यादा मुआवजा देने का है। उन्होंने कहा कि सरकार का इरादा ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं के लिए ढांचा खड़ा करना है। वहां अस्पताल और सिंचाई की सुविधा देनी है। इसके लिए पुराने कानून के कुछ प्रावधानों में बदलाव जरूरी था।

उन्होंने कहा कि सरकार का इरादा इस बिल के माध्यम से न तो उद्योगपतियों को जमीन उपलब्ध कराने का है और न ही जबरन जमीन अधिग्रहण करने का। मालूम हो कि दो-दो बार अध्यादेश जारी करने के बावजूद मोदी सरकार राज्यसभा में बहुमत के अभाव में इस बिल को कानूनी जामा नहीं पहना पाई। अंत में सरकार को विपक्ष के तीखे तेवरों के सामने झुकते हुए संयुक्त संसदीय समिति गठित करने की मांग स्वीकार करनी पड़ी। समिति संसद के मानसून सत्र के पहले दिन अपनी रिपोर्ट पेश करेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed