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युवाओं पर मोदी का दांव, आखिर क्या है प्लान?

Thu, 13 Nov 2014 08:34 AM IST
Updated Thu, 13 Nov 2014 08:34 AM IST
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Modi focus new generation in his government.

भाजपा संगठन में पीढ़ी परिवर्तन को अंजाम देने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अब सरकार में भी पार्टी नेताओं की नई पीढ़ी विकसित कर रहे हैं।

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कई युवा और क्षमतावान चेहरों को राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) की जिम्मेदारी देकर जहां प्रधानमंत्री इन्हें अपनी क्षमता साबित करने का पूरा मौका दे रहे हैं, वहीं महत्वपूर्ण मंत्रालयों में तेजतर्रार युवाओं को राज्य मंत्री बनाने का जल्द से जल्द अनुभव हासिल करने का मौका भी उपलब्ध कराया जा रहा है।
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प्रधानमंत्री ने सरकार में नई पीढ़ी विकसित करने के इरादे से रूडी, जनरल वीके सिंह, निर्मला सीतारमण, पीयूष गोयल, धर्मेंद्र प्रधान, प्रकाश जावडेकर, डॉ महेश शर्मा जैसे युवा नेताओं को स्वतंत्र प्रभार का राज्य मंत्री बना कर अपनी प्रतिभा साबित करने का मौका दिया है।
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माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री मंत्रियों की क्षमता आंकने के लिए कुछ इंतजार के बाद इनके विभागों में फेरबदल कर इनकी प्रतिभा को और निखारेंगे।

युवाओं को दे रहे हैं खास मौके

Modi focus new generation in his government.

पार्टी सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री अपने मंत्रिमंडल के जरिए उन राज्यों में भी नेतृत्व विकसित कर रहे हैं, जहां पार्टी का बड़ा आधार न होने के बावजूद व्यापक संभावना बरकरार है। हालांकि इन राज्यों में संभावनाओं के बावजूद नेतृत्व हीनता बड़ी समस्या है।

यही कारण है कि संभावना वाले राज्यों पश्चिम बंगाल, उड़ीसा और असम के लिए भावी रणनीति के तहत ही बाबुल सुप्रियो, धर्मेंद्र प्रधान और सर्बानंद सोनोवाल का राजनीतिक कद मंत्रिमंडल के जरिए बढ़ाया जा रहा है।

मंत्रिमंडल के जरिए राज्यों के लिए उभार रहे नए चेहरे
सरकार में नई पीढ़ी विकसित करने के अलावा मंत्रिमंडल के जरिए प्रधानमंत्री पार्टी के लिए बेहतर संभावनाओं वाले राज्यों में नए चेहरों को उभारने की योजना पर भी काम कर रहे हैं। खासतौर पर महत्वपूर्ण मंत्रालयों में तेजतर्रार राज्य मंत्रियों की नियुक्ति इसी रणनीति का हिस्सा है।

इस योजना के तहत जयंत सिन्हा को वित्त मंत्रालय,  मनोज सिन्हा को रेल मंत्रालय, किरेन रिजिजू और हरिभाई चौधरी को गृह मंत्रालय, संजीव बालियान और मोहन भाई कुंदेरिया को कृषि मंत्रालय में राज्य मंत्री बनाया गया है। प्रधानमंत्री ने संबंधित केंद्रीय मंत्रियों को अपने अधीनस्थ राज्यमंत्रियों को महत्वपूर्ण काम देना सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया है।

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