...तो मोदी को हो सकती है 2 साल की जेल!
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कल आठवें दौर के मतदान के दिन नरेंद्र मोदी को वोट डालकर सेल्फी लेना भारी पड़ गया। पार्टी का चुनाव चिन्ह और मतदान स्थल पर प्रेस कांफ्रेस करने को कांग्रेस ने गंभीरता से लिया।
कांग्रेस की शिकायत के बाद चुनाव आयोग ने भी तुरंत संज्ञान लेते हुए कार्रवाई के आदेश दिए। आदर्श चुनाव आचार सहिंता 126 बी के उल्लंघन के चलते नरेंद्र मोदी को 2 महीने से लेकर 2 साल तक की सजा हो सकती है। इसके अलावा जुर्माने का भी प्रावधान है।
अगर नरेंद्र मोदी के खिलाफ चुनाव आयोग सख्त कदम उठाता है तो आने वाले दिन मोदी के लिए संकट वाले साबित हो सकते हैं।
अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने दर्ज की एफआईआर
मतदान केंद्र के पास भाजपा के चुनाव चिन्ह 'कमल' के साथ नरेंद्र मोदी के 'सेल्फी' खींचने के मामले में अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।
नरेंद्र मोदी पर आरोप है कि उन्होंने अपना वोट डालने के बाद कमल के निशान के साथ अपनी तस्वीर खींची और उसके बाद वहीं प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की।
कांग्रेस सहित अन्य दलों के इस मामले की शिकायत करने के बाद अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली।
जाने वाली है मां-बेटे की सरकारः मोदी
इससे पहले भाजपा के पीएम पद के दावेदार नरेंद्र मोदी ने बुधवार सवेरे वोट डाला, सेल्फी क्लिक की और कांग्रेस को फिर कोसा। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल को निशाने पर लेते हुए उन्होंने फिर कहा कि मां-बेटे की सरकार जाने वाली है।
मोदी ने कहा कि उन्हें जमीनी हकीकत का अंदाजा है और इन चुनावों में यह सुनिश्चित है कि कांग्रेस सत्ता से बाहर जा रही है। उसकी जगह नई और ताकतवर सरकार आने वाली है।
मोदी ने सेल्फी ली, कांग्रेस ने शिकायत की
नरेंद्र मोदी ने कहा, "चुनावी प्रक्रिया और मतदाता के मन की थाह लेने के बाद मैं इतना कह सकता हूं कि कोई भी मां-बेटे की सरकार को बचा नहीं सकता...मजबूत सरकार सत्ता में आने जा रही है।"
गुजरात के मुख्यमंत्री ने वोट डालने के बाद उंगली पर लगा निशान दिखाया और सेल्फी क्लिक की। अपनी तस्वीर खुद क्लिक करने को सोशल मीडिया में सेल्फी नाम दिया गया है। इस दौरान वो कमल का निशान भी दिखा रहे थे।
मोदी खुद को राजा समझते हैं: मीम
इस घटना से नाराज कांग्रेस ने चुनाव आयोग से शिकायत की है। उसके मुताबिक यह चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन है, क्योंकि मोदी ने मतदान के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस की और वो कमल का निशान दिखाकर मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे थे।
मीम अफजल ने कहा, "चुनाव आयोग को दोनों सीटों से मोदी का नामांकन खारिज कर देना चाहिए। उन्हें लगता है कि वो राजा बन गए हैं।" जाहिर है, कांग्रेस मोदी के खिलाफ मिलने वाली हर चीज का फायदा उठाना चाहती है।
कांग्रेस बौखला गई हैः भाजपा
हालांकि, भाजपा का कहना है कि कांग्रेस बौखला गई है। पार्टी नेता थावरचंद गहलोत ने कहा, "कांग्रेस हार रही है, इसलिए इस तरह की बातें कर रही है। मोदी ने मतदान स्थल से दूर जाकर कॉन्फ्रेंस की, इसलिए यह कोई उल्लंघन नहीं है।"
उन्होंने कहा, "अगर कमल का निशान दिखाना उल्लंघन है, तो कांग्रेस यह भी बताए कि उसका चुनाव चिन्ह हाथ, मतदान तक अंदर जाता है और बाहर निकलकर उसके नेता और समर्थक हाथ दिखाकर मतदाताओं को कहते हैं कि वोट जानते हो न कि किसे करना है। इसका क्या मतलब है।"
मोदी ने गुजरात से माफी मांगी
मोदी ने कहा, "इतनी बड़ी तादाद में वोटिंग होने से यह साफ है कि देश को नई मजबूती मिलने जा रही है।" उन्होंने गुजरात को ज्यादा वक्त न दे पाने के लिए माफी भी मांगी।
उन्होंने कहा, "इस बार मैं पिछले दो दिन में केवल 18 घंटे का वक्त दे सका हूं। लेकिन मैं मतदाताओं का शुक्रिया अदा करता हूं कि उन्होंने मेरी गैरमौजूदगी में भी चुनावी प्रक्रिया को बखूबी आगे बढ़ाया है।"
आडवाणी की तारीफ की
मोदी ने कहा, "मैं 89 लोकसभा सीटों पर सभी मतदाताओं से रिकॉर्ड तादाद में मतदान की अपील करता हूं। मुझे उम्मीद है कि मेरे नौजवान दोस्त जरूर ऐसा करेंगे।"
इस मौके पर उन्होंने भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि वो खुशकिस्मत हैं कि उन्हें आडवाणी की लोकसभा सीट गांधीनगर में वोट डालने का मौका मिला।