ब्रिटिश निवेशकों के बीच मोदी, कहा- भारत से जुड़ना समझदारी
नरेंद्र मोदी ने गिल्डहॉल की पुरानी लाइब्रेरी में नरेंद्र मोदी ने व्यापारियों और निवेशकों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने भारत में के विकास की दिशा में विभिन्न सेक्टरों में निवेश के लिए इन व्यापारियों और निवेशकों का आह्वाहन किया।
मोदी ने कहा कि हम भारत में व्यापार को बढ़ावा देने और ज्यादा से ज्यादा निवेश के अवसर मुहैया कराने की दिशा में काम कर रहे हैं। भारत अपनी नीतियों को और ज्यादा आसान बनाने की दिशा में काम कर रहा है। विदेशी निवेश को बढ़ावा देने के लिए हम भारत को ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब बनाना चाहते हैं। इसके लिए हम भारत में कारोबार को आसान बनाना है। इसके लिए 2016 तक जीएसटी बिल लागू कर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि भारत-ब्रिटेन इस मैन्यूफैक्चरिंग हब को आगे बढ़ा सकते हैं। हमने देश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए अपने 18 महीने के कार्यकाल में कई बड़े बदलाव किए हैं। मोदी ने कहा कि देश में इंफ्रास्ट्रक्चर फंड बनाया गया जिससे की भारत के विकास के रास्ते पर ले जाया जा सके।
भारतीय युवा बढ़ रहे हैं आगे
मोदी ने कहा कि भारत एक बड़े आईटी आंदोलन की शुरुआत करने जा रहा है। हमें ऊर्जा संरक्षण, जल संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा की दिशा में काम करने की जरूरत है। भारत इस दिशा में अपने कदम बढ़ा चुका है। भारत में बुद्धिमान और सक्षम युवाओं की कमी नहीं है। यही सही अवसर है जब इन युवाओं की क्षमता का उपयोग किया जा सकता है।
मोदी ने ब्रिटिश प्रधानमंत्री डेविड कैमरन को धन्यवाद देते हुए कहा कि उन्होंने हर कदम पर भारत की मदद की है। उन्होंने मुझे यहां आने का मौका दिया जिससे मैं आपके सामने अपनी बात रख पा रहा हूं। इस दौरान उन्होंने मू़डीज का जिक्र करते हुए भारत की वैश्विक स्तर पर बन रहे आर्थिक पहचान के बारे में भी बताया।
गौरतलब है कि इससे पहले भारतीय प्रधानमंत्री ने ब्रिटेन की संसद को संबोधित करते हुए ब्रिटेन को भारत का एक बड़ा निवेशक बताया। उन्होंने ब्रिटेन की संसद को संबोधित करते हुए अपनी उपलब्धियों के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि दोनों देश एक साथ मिलकर कई क्षेत्रों मे काम कर रहे हैं। इसको और ज्यादा बढ़ाने की आवश्यकता है और मुझे उम्मीद है कि ब्रिटेन इसके लिए आगे आएगा।