फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   Merrut's 14 years Bilal will be SPO.

14 साल के बिलाल का कमाल, बनेगा स्पेशल पुलिस ऑफिसर

Thu, 23 Jul 2015 12:55 PM IST
Updated Thu, 23 Jul 2015 12:55 PM IST
विज्ञापन
Merrut's 14 years Bilal will be SPO.

14 साल का बिलाल नेताओं और अफसरों को आईना दिखा रहा है। जनता से जुड़ीं समस्याओं को हल करने और भ्रष्टाचार से लड़ने का कोई मौका बिलाल खोना नहीं चाहता।

विज्ञापन


समस्या चाहे जाम या किसी सड़क-नाली के निर्माण की या फिर स्कूल में शिक्षकों के न आने की हो। वह आवाज उठाने से पीछे नहीं हटता। बिलाल के नि:स्वार्थ जज्बे को सराहते एसएसपी ने उसे मवाना थाने का स्पेशल पुलिस ऑफिसर (एसपीओ) नियुक्त करने की तैयारी भी कर ली है।
विज्ञापन


मवाना निवासी बिलाल पुत्र उस्मान कृषक इंटर कॉलेज में 9 वीं कक्षा का छात्र है। बिलाल का कहना है कि वह हमेशा यही सुनता था कि सरकारी महकमे में बिना रिश्वत कोई काम नहीं हो सकता। इस मिथक को तोड़ने के लिए उसने खस्ताहाल मवाना-अटोरा को चुना।
विज्ञापन
विज्ञापन


महज नौ साल की उम्र में 23 अगस्त 2010 को सड़क बनाने के लिए उसने मुहिम शुरू की। पांच साल की मेहनत रंग लाई और अटोरा रोड का निर्माण पूरा हो गया है।

तहसील दिवस में उठाता है जनता की आवाज

Merrut's 14 years Bilal will be SPO.

एसएसपी डीसी दुबे का कहना है कि मवाना के तहसील दिवस में अपने आठ सदस्यीय ग्रुप के साथ आने वाले बिलाल ने एक बार नाली निर्माण तो दूसरे तहसील दिवस में स्कूलों में टीचर नहीं आने की समस्या उठाई।

इसके अलावा उसने मवाना थाने के तत्कालीन इंस्पेक्टर परशुराम की भी शिकायत की। बिलाल मवाना में लगने वाले जाम की समस्या लेकर थाने गया था। बिलाल ने मुझे बताया था कि इंस्पेक्टर ने उससे यह दिया कि जनसंख्या बढ़ रही है, ऐसे में हम क्या करें। मैंने इंस्पेक्टर को थाने से हटा दिया था। बिलाल ने डीएम साहब से भी शिक्षकों के अनिवार्य रूप से स्कूल पहुंचने के आदेश जारी करने की मांग की।

‘राजनीति से लगता है डर’
बिलाल का कहना है कि वह हमेशा लोगों की आवाज उठाना चाहता है। उसे यह पसंद भी है। लेकिन, राजनीति से डर लगता है। उधर, पिता का कहना है कि बिलाल बचपन से ही लोगों की मदद करने की कोशिश करता था। हमने उसे ऐसी ही तालीम दी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed