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'मायावती को बेइज्जत करने के लिए ली तलाशी'

Tue, 30 Apr 2013 09:06 AM IST
नई दिल्ली/ब्यूरो
नई दिल्ली/ब्यूरो Updated Tue, 30 Apr 2013 09:06 AM IST
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mayawati had to search insulting says bsp

कर्नाटक में चुनावी रैली को संबोधित करने जा रहीं मायावती की दो बार चुनाव आयोग की टीम द्वारा तलाशी के मामले में बसपा ने मुख्य चुनाव आयुक्त से शिकायत की है।

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पार्टी ने इस पूरे प्रकरण को विरोधी दलों की साजिश बताते हुए कहा है कि तलाशी बसपा सुप्रीमो मायावती को परेशान और बेइज्जत करने के लिए ली गई।

बसपा महासचिव और सांसद सतीश चंद्र मिश्रा ने मुख्य चुनाव आयुक्त को चिट्ठी लिखकर पूरे प्रकरण की जानकारी दी है। पार्टी ने इस मामले में कर्नाटक के चुनाव अफसरों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
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बसपा ने कहा है कि कुछ राजनीतिक दलों के इशारे पर काम कर रहे ऐसे अधिकारियों के रहते प्रदेश में निष्पक्ष चुनाव संभव नहीं है। साथ ही पार्टी ने आयोग से ऐसे लोगों की सूची भी मांगी है, जिन्हें तलाशी से छूट दी गई है।
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मिश्रा ने कहा है कि चुनाव आयोग की टीम ने शनिवार को कर्नाटक के गुलबर्ग में मायावती की दो बार अनावश्यक तौर पर तलाशी ली। एक बार तलाशी लेने के बाद 15 मिनट बाद फिर किसी दूसरे अधिकारी द्वारा गैर जरूरी तरीके से तलाशी ली गई।

मिश्रा ने कहा है कि चुनावी टीम को पहली बार की तलाशी में कुछ अनुचित नहीं मिला। उनके और पार्टी सुप्रीमो के बटुए से एक लाख रुपये मिले, जो कि चुनाव आयोग की ओर से तय की गई राशि से एक पैसा भी ज्यादा नहीं थे। चुनाव आयोग के नियम के मुताबिक एक व्यक्ति चुनाव के दौरान पचास हजार रुपये से ज्यादा अपने पास नहीं रख सकता है।

मिश्रा ने आरोप लगाया कि कर्नाटक के मुख्य चुनाव आयुक्त ने मीडिया के सामने झूठ बोला है कि कुछ पैसा ऐसा भी मिला है, जिसका कोई हिसाब किताब नहीं है। साथ ही उन्होंने रैली की जगह से भी पैसा मिलने की बात कही है।

मिश्रा ने चुनाव आयोग को कहा कि जब चुनाव अधिकारी से मीडिया ने पूछा कि बसपा अध्यक्ष से उन्हें कितना पैसा मिला जिसका हिसाब किताब नहीं है तो उनके पास कोई जवाब नहीं था।


मिश्रा ने चुनाव आयोग से स्पष्टीकरण की मांग की है कि आखिर उसने किसी भी राष्ट्रीय पार्टी के अध्यक्ष और पदाधिकारियों को कितना पैसा ले जाने की अनुमति दी है। जिसमें ईंधन और होटल का किराया भी शामिल है।

मिश्रा का कहना है कि अगर आयोग तय राशि ले जाने की अनुमति नहीं देता तो क्या सारा खर्च वह खुद उठाएगा।

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