तीन साल तक रखा बाथरूम में बंद!
मानवता को शर्मसार कर देने वाले एक वाकये में विवाहिता को दहेज न लाने के कारण तीन साल तक बाथरूम में बंद रखा गया। विवाहिता ने दहेज न दे पाने के चलते पति और ससुराल वालों पर तीन साल तक बाथरूम में बंद रखने का आरोप लगाया है।
दरभंगा शहर के रामबाग इलाके में पीड़िता को कल पुलिस ने एक घर से उद्धार कराया था।
महिला पुलिस स्टेशन की एसएचओ सीमा कुमारी ने बताया कि जब पीड़िता को बचाया गया तो उसके कपड़े जहां तहां फटे थे, बाल भीगे थे और नाखुन हद से ज्यादा बढ़े हुए थे जैसे वह लंबे समय से सामान्य जिंदगी नहीं बिता रही हो।
कुमारी ने कहा कि महिला की हालत ऐसी थी कि वह बमुश्किल सूर्य की रोशनी में अपनी आंखें खोल पा रही थी। शादी के बाद भी उसकी मांग में सिंदूर या माथे पर बिंदी नहीं थी।
दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया
महिला दरभंगा जिले के अंदराथादी पुलिस स्टेशन के पटसान गांव की रहने वाली है जिसका 2010 में प्रभात कुमार सिंह से विवाह हुआ था। शादी के कुछ दिनों बाद से ही उसका पति और ससुराल वाले उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे।
एक बच्ची को जन्म देने के बाद उसके ऊपर अत्याचार और बढ़ गया। बाथरूम की नरकीय जिंदगी से बाहर आते ही उसने सबसे पहले अपनी बच्ची के बारे में पूछा और लेकिन बेटी मां को न पहचान सकी जिसके बाद उसकी आंखों से अश्रु धारा फूट पड़ी।
महिला के पिता श्याम सुंदर सिंह द्वारा अथक प्रयास के बाद उसे बचाया जा सका। महिला के पति और ससुर धीरेंद्र सिंह और सास इंदिरा देवी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है।