फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   manmohan singh will participate g-20 summit

जी-20 शिखर सम्मेलन में शिरकत करेंगे मनमोहन

Wed, 04 Sep 2013 12:02 AM IST
नई दिल्ली/एजेंसी
नई दिल्ली/एजेंसी Updated Wed, 04 Sep 2013 12:02 AM IST
विज्ञापन
manmohan singh will participate g-20 summit

प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह सेंट पीटर्सबर्ग में शुरू होने जा रहे 8वें जी-8 सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए बुधवार को रूस के लिए रवाना होंगे।

विज्ञापन


सम्मेलन में पीएम भारतीय और बड़ी विकासशील अर्थव्यवस्थाओं के बीच समन्वित योजना बनाए जाने पर जोर दे सकते हैं।

यह सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब अमेरिका में उठाए गए नीतिगत कदमों के चलते दुनिया भर के मुद्रा बाजारों में हलचल मची हुई है।

बृहस्पतिवार से शुरू हो रहे इस दो दिवसीय सम्मेलन पर सीरिया के मुद्दे पर रूस और अमेरिका के बीच विवाद का साया पड़ने की आशंका भी है।

इसी तरह अमेरिका द्वारा प्रोत्साहन वापस लेने के कदम उठाने को लेकर उभरते देशों व अमेरिका के बीच मतभेद उभरने के भी आसार हैं।

अमेरिका द्वारा प्रोत्साहन उपाय वापस लेने की कवायद शुरू करने से ब्रिक्स देशों की अर्थव्यवस्थाएं नरमी की चपेट में आ गई हैं और इन्हें पूंजी निकासी की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है इससे इनकी मुद्राएं दबाव में हैं।
विज्ञापन


अधिकारियों ने कहा कि भारत के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता अपनी अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए आर्थिक वृद्धि एवं वित्तीय निवेश पर ध्यान केंद्रित करना है।

सम्मेलन के दौरान, ब्रिक्स नेताओं द्वारा 100 अरब डॉलर के मुद्रा कोष के गठन पर आम सहमति बनने की संभावना है।

माना जाता है कि ब्रिक्स के सदस्य देश प्रस्तावित विकास बैंक के लिए पूंजीगत ढांचे पर सहमत हो चुके हैं। इस बैंक का लक्ष्य पश्चिमी वित्तीय संस्थानों पर निर्भरता घटाना है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस सम्मेलन के एजेंडे की बैठकों में हिस्सा लेने के लिए योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह अहलूवालिया पहले ही वहां पहुंच चुके हैं।

इस सम्मेलन के बारे में अहलूवालिया ने संवाददाताओं से कहा कि जी-20 का गठन अंतरराष्ट्रीय आर्थिक मुद्दों पर विचार के लिए एक प्रमुख मंच के तौर पर किया गया था और यही सम्मेलन का एजेंडा होगा।

उन्होंने कहा कि इस सम्मेलन के अधिकारी ‘सेंट पीटर्सबर्ग कार्य योजना’ तय करेंगे जिसमें अगले वर्ष के लिए समूह की प्राथमिकताएं निर्धारित की जाएंगी।

जी-20 देशों का योगदान:--
-वैश्विक अर्थव्यवस्था में जी-20 का योगदान 90 प्रतिशत है।
-वैश्विक व्यापार में यह 75 प्रतिशत योगदान करता है।
-दुनिया की दो तिहाई आबादी जी-20 देशों में है।

सदस्य देश
इसके सदस्यों में अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, फ्रांस, जर्मनी, इंडोनेशिया, भारत, इटली, दक्षिण कोरिया, मैक्सिको, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका, ब्रिटेन, अमेरिका व यूरोपीय संघ शामिल हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed