युवक की हत्या के बाद हुआ बवाल, पुलिस की जीप भी फूंकी
मुजफ्फरनगर के मीरापुर में मस्जिद के पास एक युवक की गोलियों से भूनकर हत्या कर दिए जाने के बाद सांप्रदायिक बवाल हो गया। दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए, जमकर हवाई फायरिंग और पथराव हुआ।
भूम्मा गांव में हुई इस घटना में भीड़ ने पुलिस की जीप भी तहस-नहस कर दी। पुलिस ने भागकर जान बचाई। देर रात जिले भर की फोर्स मौके पर बुला ली गई थी। इलाके में तनावपूर्ण स्थिति है। भीड़ शव को उठाने नहीं दे रही है।
मीरापुर कोतवाली के भूम्मा गांव में देर शाम महेंद्र सिंह का पुत्र सतवीर कश्यप उर्फ गुलुगल (30) अपने घर के बाहर बैठा था। उसके मकान के सामने ही मस्जिद है। इसी बीच पैदल ही तीन युवक वहां पहुंचे और अंधाधुंध गोलियां बरसाकर सतवीर की हत्या कर दी।
युवक की हत्या की बात जैसे ही गांव में फैली, भीड़ जुटने लगी। कुछ लोगों के यह कहने पर कि आरोपी धार्मिक स्थल की ओर भागते देखे गए हैं, भीड़ आक्रोशित हो गई और पथराव शुरू कर दिया।
देखते ही देखते दूसरी ओर से भी पथराव और हवाई फायरिंग होने लगी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक रमजान के माहौल की वजह से कानून व्यवस्था के लिए एक दरोगा और दो सिपाहियों की गांव में ड्यूटी थी। वारदात के बाद पुलिसकर्मी भाग खड़े हुए।
आसपास के जिलों से भी बुलाई गई फोर्स
सूचना पर मीरापुर थाना प्रभारी शोएब मियां पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे, तभी भीड़ ने पुलिस पर हमला बोल दिया। जीप को तोड़ कर तहस-नहस कर दिया। पुलिस वालों ने भागकर जान बचाई।
बवाल की खबर मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया। डीएम निखिल चंद्र शुक्ला और एसएसपी केबी सिंह सरकारी कार्य से जिले से बाहर हैं। एडीएम वित्त रामकिशन शर्मा और एसपी क्राइम राकेश कुमार जौली तत्काल मौके पर पहुंचे।
भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठियां फटकारी। जिले भर की पुलिस भूम्मा में बुला ली गई। एसपी क्राइम जौली के समझाने के बावजूद ग्रामीणों ने शव को मौके से नहीं उठने दिया।
घटना के मद्देनजर आसपास के गांवों में भी माहौल गरमा गया है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर आसपास के जिलों से भी पुलिस मीरपुर में बुलाई गई है। देर रात शव मौके पर ही था।
मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजनों का आरोप है कि दूसरे समुदाय के युवकों ने उनके बेटे की हत्या की है। वारदात के पीछे कोई रंजिश भी नहीं बताई गई है।