पकड़ा गया मोदी को उड़ाने की धमकी देने वाला
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नगला चंद्रभान में हुई भाजपा की जनकल्याण सभा से पहले प्रधानमंत्री मोदी को बम से उड़ाने की धमकी भरा एसएमएस भेजने वाला मंगलवार को धरा गया। नौहझील पुलिस ने आरोपी को थाने के पास से पकड़ लिया है।
तबीयत खराब होने पर आरोपी को नौहझील के स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। पीएम को बम से उड़ाने की यह धमकी एसएमएस और व्हाट्सएप के जरिए वायरल हुई थी।
बीती 25 मई को फरह के नगला चंद्रभान में भाजपा ने केंद्र की एनडीए सरकार का एक साल पूरा होने के उपलक्ष्य में जनकल्याण सभा आयोजित की थी। इसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संबोधित किया था। भाजपा की इस सभा से पहले 21 मई को थाना नौहझील के गांव नावली निवासी रामवीर सिंह ने प्रधानमंत्री को बम से उड़ाने की धमकी वाले एसएमएस पुलिस को भेजे थे। मैसेज में अपनी पहचान के रूप में उसने आरवीएस लिखा।
पुलिस बोली, सिरफिरा है व्यक्ति
एसएसपी ने 22 मई को मामले में एसपी सिटी शैलेश पांडेय के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच, सर्विलांस टीम को लगाया। टीम ने एसएमएस भेजने वाले की लोकेशन नावली में पता की लेकिन यहां दबिश से पहले ही रामवीर भाग गया।
पुलिस ने रामवीर के परिवार के दो लोगों को हिरासत में ले लिया था। मंगलवार को दोपहर में 2:30 बजे अचानक रामवीर सिंह हाथ में एक प्रार्थना पत्र लिए नौहझील थाने के गेट पर जा पहुंचा। वहां बदहवास हालत में एसओ नौहझील से आत्महत्या की अनुमति मांगने लगा। एसओ ने प्रार्थना पत्र पढ़ा तो पता चला कि यह व्यक्ति प्रधानमंत्री को बम से उड़ाने की धमकी देने का आरोपी है।
पुलिसकर्मी उसे ले जाने लगे तो वह सीढ़ियों पर गिर गया। इसके बाद उसे नौहझील के स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया है। अमर उजाला के नौहझील संवाददाता को रामवीर सिंह ने बताया कि उसने अपना शरीर नई दिल्ली स्थित एम्स को दान कर दिया है। पुलिस के अनुसार व्यक्ति सिरफिरा है।
पहले अंगदान के लिए किए मैसेज
पीएम को बम से उड़ाने की धमकी देने की रिपोर्ट थाना सदर बाजार में थानाध्यक्ष उदयराज सिंह ने दर्ज कराई थी। मामला आईटी एक्ट का होने के कारण विवेचना क्राइम ब्रांच को ट्रांसफर कर दी गई। फिलहाल मामले की जांच क्राइम ब्रांच में तैनात इंस्पेक्टर कुंवर सिंह यादव कर रहे हैं।
रामवीर ने जिस नंबर से एसएमएस भेजा उसकी सिम गांव सामंता गढ़ी के युवक की आईडी पर जारी कराई थी। वह युवक राजवीर सिंह पंजाब के लुधियाना में मजदूरी करता है।
जिस मोबाइल नंबर से रामवीर ने पीएम को बम से उड़ाने की धमकी दी, उसी नंबर से उसने 11 मई को एसएसपी को एक जरूरतमंद के लिए लिवर, किडनी और आंख दान करने की अपील की थी। उसी नंबर से 14 मई को को लिखा था कि ऊं भारत मानव सत्य को नहीं मानेगा तो विनाश जारी रहेगा। विज्ञान भी उसे रोक नहीं सकेगा। दो मैसेज और भी थे, जो किडनी आदि को लेकर अपील के थे।