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मालदा हिंसा : भाजपा प्रतिनिधि मंडल को रोका, 10 हिरासत में

Thu, 07 Jan 2016 05:34 AM IST
Updated Thu, 07 Jan 2016 05:34 AM IST
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Malda violence

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले के कालियाचक में रविवार को हुई हिंसा और आगजनी के मामले में गिरफ्तार 10 लोगों को छह दिनों के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।

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इस बीच, भाजपा ने ममता बनर्जी सरकार पर हमलावरों को संरक्षण देने का आरोप लगाया है। बुधवार को मालदा गए भाजपा के एक प्रतिनिधिमंडल को भी कालियाचक जाने से रोक दिया गया।
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उस घटना के तीन दिनों बाद भी इलाके में तनाव और सन्नाटा पसरा है। उत्तर प्रदेश के एक हिंदुत्ववादी नेता की ओर से पैगंबर मोहम्मद के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के विरोध में रविवार को मालदा जिले में अल्पसंख्यकों की ओर से निकली एक रैली के दौरान जमकर बवाल हुआ।
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भाजपा विधायक शमीक भट्टाचार्य की अगुवाई में पार्टी का एक 25 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बुधवार को मालदा पहुंचा था, लेकिन पुलिस ने कानून व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का हवाला देकर कालियाचक जाने से रोक दिया।

घटना की पुलिसकर रही जांच

Malda violence

पुलिस ने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों को एहतियात के तौर पर हिरासत में ले लिया और थाने ले गई। वहां से दस मिनट बाद सबको छोड़ दिया गया।

भट्टाचार्य ने बाद में कहा कि प्रतिनिधिमंडल रविवार की हिंसा की मुख्य वजह जानने के लिए गांव में जाना चाहते थे, लेकिन पुलिस ने नहीं जाने दिया।

इस घटना को लेकर भाजपा ने तृणमूल कांग्रेस को कटघरे में खड़ा कर दिया है। दूसरी तरफ, पुलिस व सुरक्षा एजेंसियां इस घटना के दूसरे पहलुओं की भी जांच कर रही है।

पुलिस का कहना है कि यह महज एक धार्मिक संगठन की रैली नहीं थी। पूरी घटना सुनियोजित थी। पुलिस का कहना है कि हिंसा को उकसाने वालों में असामाजिक तत्व और तस्कर शामिल हो सकते हैं।

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