फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   live coverage of developments comes after serial blasts at modi rally

'नमो को दुश्मन मानते हैं नीतीश'

Mon, 28 Oct 2013 06:53 PM IST
अमर उजाला, दिल्ली
अमर उजाला, दिल्ली Updated Mon, 28 Oct 2013 06:53 PM IST
विज्ञापन
live coverage of developments comes after serial blasts at modi rally

5 बजेः बिहार भाजपा के वरिष्ठ नेता सुशील कुमार मोदी का कहना है कि नीतीश कुमार, नरेंद्र मोदी को दुश्मन समझते हैं और वह राग-द्वेष की राजनीति करते हैं।

विज्ञापन


4.30 बजेः
कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह का कहना है कि पटना में हुए सिलसिलेवार बम धमाकों से मुख्य विपक्षी दल भाजपा को सबसे ज्यादा फायदा होगा। उन्होंने इन धमाकों और सुरक्षा इंतजामात में हुई चूक के लिए बिहार की नीतीश सरकार को जिम्मेदार ठहराया।
विज्ञापन


4.10 बजेः
भाजपा नेता अरुण जेटली ने कहा कि पटना रैली में सुरक्षा के इंतजाम नाकाफी थे। हमारी किस्मत अच्छी थी कि कुछ बम नहीं फटे।

23 अक्टूबर को बिहार सरकार को अलर्ट मिला था। केंद्र और बिहार की सरकार को जवाब देना होगा। जेटली ने कहा कि नीतीश गलत कह रहे हैं कि उन्हें अलर्ट नहीं मिला था। पटना में मोदी की सुरक्षा के इंतजाम अच्छे नहीं थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


3.45 बजेः गृह मंत्री के सुरक्षा इंतजामात से जुड़े दावों के बावजूद भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने कहा कि रैली के दौरान सुरक्षा इंतजाम में खामियां थीं।

उन्होंने कहा, "सुरक्षा में खामियां थीं, इसमें जरा भी संदेह भी नहीं है। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कल मुझसे बात की और इस घटना पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि जांच जारी है और आश्वासन दिया कि दो-तीन दिन में सारी जानकारी बटोर ली जाएगी।"


3.08 बजेः
गृह मंत्रालय ने माना बोध गया और पटना धमाकों में समानता है। गृह मंत्रालय का यह भी मानना है कि पटना और बोधगया धमाकों के पीछे आतंकवाद है।


2.15 बजेः
रविवार को सीरियल ब्लास्ट के बावजूद बॉलीवुड फिल्म का म्यूजिक लॉन्च करने को लेकर आलोचना का सामना कर रहे गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे मंगलवार को पटना जाएंगे।

उन्होंने कहा, 'केंद्र ने मोदी को पूरी सुरक्षा दी। मैं कल पटना जा रहा हूं, स्थिति का जायजा लूंगा। अभी कुछ संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है।'

1.45 बजेः
बिहार भाजपा नेता सुशील कुमार शिंदे का कहना है कि पटना में हुए धमाके 'आपराधिक लापरवाही' की वजह से हुए। उन्होंने कहा कि सुरक्षा को लेकर जो कोताही बरती गई, ऐसा लगता है कि यह 'जानकर' हुआ है।

1.20 बजेः झारखंड के एडीजी ने कहा है कि नरेंद्र मोदी की पटना में हुंकार रैली से पहले हुए सीरियल ब्लास्ट में रांची मॉड्यूल का इस्तेमाल किया गया। शुरुआती जांच से पता चला है कि ये धमाके गया में बौद्ध मंदिर में हुए धमाकों की तर्ज पर किए गए।

12.45 बजेः
घटनास्थल की तफ्तीश कर रहे फॉरेंसिक एक्सपर्ट का कहना है कि धमाकों में अमोनियम नाइट्रेट का इस्तेमाल संभव है। उन्होंने बताया कि बम जमीन के अंदर दबाकर रखे गए थे और उनके फटने पर छर्रे 150 मीटर तक उड़कर गए।

12.20 बजेः
बिहार के एसएसपी का कहना है कि आतंकी रैली में धमाकों के जरिए भगदड़ मचाना चाहते थे, जिससे नुकसान ज्यादा होता। इसके अलावा उन्होंने बम निष्क्रिय करने के तरीकों पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि बम से कुछ अहम सुराग मिल सकते थे।


12 बजेः
बिहार पुलिस के सूत्रों के मुताबिक यासीन भटकल के साथी तहसीन अख्तर ने भाजपा की पटना रैली के दौरान सिलसिलेवार बम धमाकों की साजिश रची। ऐसा बताया जा रहा है कि तहसीन ने ही अलग-अलग जगह पर लगाए जाने वाले बम मुहैया कराए थे।

11.40 बजेः भारतीय जनता पार्टी के नेता शाहनवाज हुसैन ने पटना रैली में हुए धमाकों पर नीतीश कुमार पर हमला बोलते हुए कहा कि बिहार सरकार राजधर्म निभाने में नाकाम रही। उन्होंने कहा कि रैली की सुरक्षा का जिम्मा राज्य सरकार का था।

11.20 बजेः
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने दावा किया है कि मुजफ्फरनगर दंगों का बदला लेने के लिए पटना के गांधी मैदान में धमाके किए गए।

11 बजेः
सूत्रों के मुताबिक रैली के दौरान धमाकों के बीच नरेंद्र मोदी को मंच पर जाने से रोका गया था। पटना पुलिस ने एयरपोर्ट पर ही उन्हें जाने से रोकने की कोशिश की थी।

10 बजेः गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे मुश्किल में फंसते दिख रहे हैं। भाजपा ने सवाल उठाया है कि बिहार में इतनी बड़ी घटना होने के बजाय देश के गृह मंत्री फिल्म के म्यूजिक रिलीज कार्यक्रम में कैसे जा सकते हैं?

अब तक हुआ क्या?
माना जा रहा है कि इस IM ने मुजफ्फरनगर में बीते दिनों हुए सांप्रदायिक हिंसा का बदला लेने के लिए इस घटना को अंजाम दिया है।

घायल आतंकी ने एनआईए और बिहार पुलिस को पूछताछ में आईएम के बड़े आतंकवादी तहसीम के इशारे पर बम धमाकों को अंजाम दिए जाने की बात कुबूली है।

तहसीम पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित है। इसी जानकारी के आधार पर पुलिस ने झारखंड के कई शहरों और बिहार के मधुबनी में कई जगहों पर छापेमारी की है।

इस मामले में कुछ और लोगों को हिरासत में लिया गया है। मगर पुलिस इसकी पुष्टि नहीं कर रही है। अब एनआईए और बिहार पुलिस की टीम सोमवार को धमाकों की साजिश रचने वालों के बारे में खुलासा करेगी।


एनआईए सूत्रों का कहना है कि इस घटना में प्रारंभिक तौर पर आईएम के शामिल होने के साफ संकेत मिले हैं। इसमें आईएम के मधुबनी माड्यूल की संलिप्तता से इंकार नहीं किया जा सकता।

बताया गया है कि गिरफ्तार किया गया एक व्यक्ति धमाके के दौरान खुद ही घायल हो गया, जबकि एक अन्य की मौत हो गई। धमाकों में मारे गए पांच लोगों में महज तीन की पहचान हो पाई है। इसलिए जांच एजेंसी को संदेह है कि बाकी बचे दो शवों में से एक शव आतंकवादी का हो सकता है।

झारखंड से आकर पटना में किए विस्फोट: पुलिस
बिहार की राजधानी पटना में हुए सीरियल बल विस्फोट में शामिल कई आरोपी झारखंड के रहने वाले हैं। रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक साकेत कुमार सिंह ने कहा कि धूर्वा में छापेमारी कर विस्फोटक भी बरामद किए गए हैं। कुछ अन्य इलाकों में भी छापेमारी की जा रही है।

राज्य के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून और व्यवस्था) एसएन प्रधान का कहना है कि आरोपी यहां से विस्फोटक ले गए होंगे या फिर उन्होंने पटना में ही इसकी व्यवस्था की होगी। उन्होंने कहा कि बिहार पुलिस ने जिन आरोपियों के नामों के बारे में बताया है वे झारखंड में रहते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed