VIDEO: मोदी, अखिलेश देखें, परदेस में फंसे अपने
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खाड़ी देशों में नौकरी के लिए विदेश भेजने के नाम पर युवकों को बंधक बनाकर उत्पीड़ित करने का एक और मामला प्रकाश में आया है।
कुशीनगर के कप्तानगंज क्षेत्र के दो युवकों ने घरवालों को वीडियो क्लिप भेजकर केंद्र सरकार की मदद से अपनी वापसी कराने की गुजारिश की है।
कप्तानगंज थाना क्षेत्र के ग्राम लक्ष्मीपुर मलुकहीं निवासी अब्दुल अजीज को परिवारीजनों ने खेत गिरवी रखकर सऊदी अरब भेजा। उनके ममेरे भाई इनायत अली भी वहीं गए हैं। वह कप्तानगंज थाने के गजरा के रहने वाले हैं।
दोनों को दिल्ली की अल-मिस्बाह प्लेसमेंट प्राइवेट लिमिटेड कंपनी की ओर से वीजा मुहैया कराया गया। दो महीने पहले सऊदी अरब की ओमान सीमा पर स्थित जिजान में स्थित नेस्को नासिर अल सैद कंपनी लिमिटेड में काम करने गए।
वीडियो भेजकर सरकार से मदद मांगी
जिजान में फंसे इनायत के छोटे भाई वजाहत ने वीडियो क्लिप दिखाते हुए बताया कि अन्य लोगों के साथ मेरे बड़े भाई को भी कंपनी ने धोखा दिया है।
रुपये के अभाव में उनको भोजन नहीं मिल पा रहा है। पेड़ों की पत्ती और घास खाकर वे किसी तरह जिंदा हैं। दोनों का पासपोर्ट भी कंपनी ने जमा करा लिया है और वेतन तथा खाना देना बंद कर दिया है।
इस मामले पर डीएम लोकेश एम ने कहा कि उन्हें सऊदी अरब में कुछ लोगों के फंसे होने की सूचना मिली है। उन लोगों के परिवार के लोगों को बुलाया गया है। वे आकर अगर प्रार्थनापत्र देते हैं तो शासन और गृह मंत्रालय को पत्र लिखकर इससे अवगत कराया जाएगा, ताकि फंसे लोगों को वापस लाया जा सके।