जानें अब गांवों में कैसे पहुंचेगा इंटरनेट?
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देश के हर गांव को इंटरनेट की सुविधा से लैस करने के सरकार के सपने को व्हाइट डॉट फाई के जरिए आसानी से साकार किया जा सकता है। इस सेवा के स्पेक्ट्रम के जरिए गांवों को आसानी से इंटरनेट से जोड़ा जा सकता है।
वैसे गांवों से भी जहां अभी तक बिजली तक नहीं पहुंची है। माइक्रोसॉफ्ट ने हाल ही में व्हाइट.फाई नामक अपनी सेवा के जरिए आंध्र प्रदेश के गांवों को इंटरनेट से जोड़ने का काम कर रही है।
इस सेवा के जरिए इंटरनेट पहुंचाने के लिए केबल सेवा या आप्टिकल फाइबर की जरूरत भी नहीं है। सरकार ने देश के 2.5 लाख ग्राम पंचायतों को ऑप्टिकल फाइबर से जोड़ने का लक्ष्य रखा है, लेकिन यह काम काफी धीमी गति से चल रहा है और अब तक 20,000 ग्राम पंचायतों को भी ऑप्टिकल फाइबर से जोड़ा नहीं जा सका है। ऐसे में माइक्रोसॉफ्ट का व व्हाइट डॉट फाई सेवा देश के हर घर को इंटरनेट से जोड़ने के काम आ सकता है।
लेकिन इस बात का नहीं हुआ खुलासा
माइक्रोसॉफ्ट के इंडिया स्ट्रेटेजी हेड अनिल कुमार रेड्डी ने बताया कि व्हाइट डॉट फाई एक डिवाइस है, जिसे कसी जगह पर स्थापित कर देने के बाद उसके आसपास के 30 किलोमीटर इलाके में इंटरनेट का इस्तेमाल किया जा सकता है।
यह डिवाइस स्पेक्ट्रम के माध्यम से अपनी सेवा देती है और यह उन स्पेक्ट्रम का इस्तेमाल करती है जो बेकार पड़े हैं। इसलिए इसकी लागत भी खास नहीं आती है।
हालिंक रेड्डी ने इस बात का खुलासा नहीं किया कि इस डिवाइस को लगाने पर कितना खर्च आता है। उन्होंने बताया कि माइक्रोसॉफ्ट आंध्र प्रदेश के गांव में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में इस डिवाइस को लगाया जा रहा है और सफल होने पर अन्य जगहों पर भी इसे लगाने का काम किया जा सकता है।
माइक्रोसॉफ्ट सरकार से इस डिवाइस के जरिए गांव-गांव तक इंटरनेट की सुविधा पहुंचाने के लिए सहयोग की बात कर रही है। सबसे बड़ी बात है कि व्हाइट.फाई डिवाइस को लगाने के बाद घंटों में 30 किलोमीटर के आसपास के लोग इंटरनेट का इस्तेमाल कर सकते हैं।