कीर्ति पर भाजपा में और बढ़ सकती है तकरार
भाजपा से निलंबित किए गए सांसद कीर्ति आजाद पर पार्टी में तकरार बढ़ने की आशंका दिख रही है। पार्टी आलाकमान ने माफी नहीं मांगने पर कीर्ति को बाहर का दरवाजा दिखाने का मन बना लिया है।
वहीं पार्टी को भेजे अपने जवाब में सवालों की बौछार करने वाले कीर्ति पूरे मामले में फिलहाल हथियार डालने के मूड में नहीं हैं। इसके अलावा पार्टी के बुजुर्ग नेताओं को पहले ही कीर्ति के खिलाफ की गई कार्रवाई बेहद नागवार गुजरी है।
पार्टी के अतिविशिष्ट सूत्र के मुताबिक कीर्ति द्वारा कारण बताओ नोटिस पर दिया गया जवाब आलाकमान को बेहद नागवार गुजरा है। नेतृत्व ने करीब-करीब तय कर लिया है कि अगर कीर्ति पूरे मामले में माफी नहीं मांगते तो उन्हें पार्टी से बर्खास्त कर दिया जाएगा।
बुजुर्ग नेताओं के कारण भी बढ़ सकता है विवाद
पार्टी को दिए जवाब में कीर्ति ने डीडीसीए को गैर सरकारी संस्था बताते हुए
कहा था कि ऐसी संस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार के मामले को उठाना पार्टी
लाइन का उल्लंघन कैसे हो गया। इसके अलावा पार्टी के कड़े रुख के बावजूद वह
अपना रवैया नरम करने को तैयार नहीं दिख रहे।
भाजपा के बुजुर्ग नेताओं के
रुख के कारण भी विवाद बढ़ सकता है। कीर्ति के निलंबन के एक दिन बाद पार्टी
के वरिष्ठ नेताओं लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, शांता कुमार और
यशवंत सिन्हा ने बैठक की थी।
इसमें कीर्ति के निलंबन की प्रक्रिया पर सवाल
उठे थे। तय किया गया था कि इस मामले में आडवाणी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
को पत्र लिखेंगे। ऐसी स्थिति में अगर नेतृत्व कीर्ति को बर्खास्त करने का
फैसला करता है तो सबकी नजरें एक बार फिर से बुजुर्ग नेताओं पर होंगी।