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केजरीवाल की टास्क फोर्स ने पानी माफियाओं पर कसा शिकंजा
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Thu, 09 Jan 2014 12:09 AM IST
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मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पानी माफिया के खिलाफ शुरू हुई मुहिम ने पांचवें दिन ही रंग दिखा दिया।
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उनके निर्देश पर दिल्ली जल बोर्ड में गठित की गई टास्क फोर्स ने दक्षिण दिल्ली के संगम विहार और देवली गांव में अवैध रूप से कई ट्यूबेवल लगे हुए मिले।
यह ट्यूबेवल सार्वजनिक भूमि पर लगे हुए है और उनसे पानी निकालकर इलाके में सात सौ रुपये प्रतिमाह एक परिवार को पेयजल आपूर्ति की जा रही थी।
फोर्स ने ट्यूबवलों को अपने कब्जे में ले लिया और यह ट्यूबवेल लगाने और उनका पानी बेचने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने की पहल भी शुरू कर दी।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के निर्देश पर दिल्ली जल बोर्ड ने चार जनवरी को अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी की अध्यक्षता में गठित टास्क फोर्स का गठन किया था।
फोर्स ने पांच जनवरी को संगम विहार इलाके का दौरा किया। वहां उसे सरकारी भूमि पर अवैध बोरवेल लगे हुए मिले। कुछ लोग उनके पानी का दोहन कर बेच रहे थे।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर दिल्ली जल बोर्ड ने उन ट्यूबवेलों को अपने अधिकार क्षेत्र में ले लिया।
जल बोर्ड ने इन ट्यूबवेलों पर निजी बिजली के कनेक्शन हटाकर कर अपने नाम से बिजली के कनेक्शन लगवा दिए है। इन ट्यूबवेलों से अगले दो दिन में इलाके में पेयजल आपूर्ति शुरू होने की संभावना है।
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वहीं बोर्ड ने सरकारी भूमि पर अवैध रूप से ट्यूबेवल लगाने वाले लोगों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज की है।
दूसरी ओर दिल्ली जल बोर्ड के उच्च अधिकारियों ने दक्षिण जिला के उपायुक्त कार्यालय के साथ तालमेल करके इलाके में बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाने का निर्णय लिया।
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जल बोर्ड का मानना है कि इलाके में बड़ी संख्या में पानी माफिया सक्रिय है और वह सरकारी और निजी भूमि पर ट्यूबेवल लगाकर पानी बेच रहे है।