'लोकसभा के लिए केजरीवाल ने लिखा इस्तीफे का नाटक'
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दिल्ली प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरविंदर सिंह ने आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल पर आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा पूरी तरह से स्क्रिप्टेड नाटक था। उन्हें जनलोकपाल बिल से कोई मोह नहीं था। लोकसभा चुनाव का टारगेट रखकर चल रहे थे।
स्क्रिप्ट पहले ही लिखी जा चुकी थी। जहां एक पूर्व मुख्य सचिव व आईपीएस अधिकारी को सलाहकार बनाने में एक रुपये के खर्च पर उपराज्यपाल से अनुमति ले सकते हैं तो फिर जनलोकपाल बिल पर क्यों नहीं?
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा है कि लोकसभा चुनाव के लिए स्क्रिप्ट लिखी गई थी तभी बिजली बिल पर सब्सिडी व 700 लीटर पानी निशुल्क की स्वीकृति मार्च तक ली गई। अप्रैल से उपभोक्ताओं को बिजली पानी का भारी भरकम बिल चुकाना होगा। कांग्रेस ने बिजली पर जो सब्सिडी इससे पहले दे रखी थी, वह भी खत्म हो जाएगी।
'केजरीवाल बाकी को समझते हैं बेवकूफ'
अरविंदर सिंह ने कहा है कि अरविंद केजरीवाल बार-बार झूठ बोलते हैं। कांग्रेस एक सप्ताह में आम आदमी पार्टी की सरकार व मुखिया के झूठ पर चार्जशीट तैयार करके पब्लिक के बीच ले जाएगी। सभी 70 विधानसभा में इनकी बेईमानी व सरकार से भागने का पर्दाफाश करने का अभियान चलाएंगे।
कांग्रेस विधायक दल के नेता हारून यूसुफ का कहना है कि अरविंद केजरीवाल खुद को इंटेलिजेंट व बाकी को बेवकूफ समझते हैं। आप नेता दिल्ली के लोगों को छल रहे हैं। कांग्रेस सांप्रदायिक ताकतों को रोकना चाहती थी इसलिए केजरीवाल को समर्थन दिया। ये पचास फीसदी बिजली बिल, पानी फ्री, अस्थाई कर्मचारियों के नियमन नहीं कर सकते थे इसलिए भागे। कांग्रेस लोकपाल के खिलाफ नहीं थी क्योंकि उपराज्यपाल के संदेश पर वोटिंग होने के बाद फिर 372 करोड़ का वित्तीय बिल भी कांग्रेस ने पास कराया।
पूर्व विधायक मुकेश शर्मा ने कहा कि एसएमएस व सोशल मीडिया के संदेश पूरी दिल्ली को केजरीवाल इस्तीफे की घोषणा स्थल पर पहुंचने के लिए किए गए। लेकिन हजार के आंकड़े के आसपास लोग पहुंचे, इससे लगता है कि इस पार्टी के समर्थक घट रहे हैं।
केजरीवाल का इस्तीफा महज नौटंकी: मीनाक्षी
भाजपा की राष्ट्रीय प्रवक्ता मीनाक्षी लेखी ने दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल के इस्तीफे पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि यह इस्तीफा महज नौटंकी है। आईआरएस अफसर होते हुए भी उन्हें यह जानकारी नहीं है कि इस्तीफा राष्ट्रपति के नाम नहीं, बल्कि लेफ्टिनेंट जनरल के नाम पर लिखा जाता है।
उन्होंने कहा कि यह सारी नौटंकी वोट को विभाजित करने के लिए और मीडिया फुटेज के लिए की जा रही है। लेखी ने कहा, 'आम आदमी पार्टी को बीजेपी के वोट काटने की फिरौती मिली है। केजरीवाल की आड़ में कांग्रेस अपने हित साधने में लगी है। दिल्ली सरकार इन्हें चलानी नहीं थी। यह केजरीवाल और कांग्रेस की मिलीजुली राजनीति है।’
केजरीवाल के इस्तीफे के बाद क्या भाजपा दिल्ली में सरकार बनाएगी इस सवाल का जवाब देने से बचते हुए इसे शीर्ष नेताओं का विषय कह कर टाल दिया। केजरीवाल के इस बयान पर कि ‘अनिल अंबानी केंद्र की सरकार चला रहे हैं और उनके आडवानी से गहरे संबंध रहे हैं’ पर कहना था कि केजरीवाल सस्ती राजनीति कर रहे हैं। इस मुद्दे को बीजेपी ने ही सबसे पहले उठाया था। भाजपा के मुद्दे को भाजपा से ही छीनकर केजरीवाल भाजपा पर ही दाग रहे हैं।