फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   kejriwal promise to youth about age limit to fight election

केजरी का यह सियासी दांव कर सकता है मोदी-राहुल का खेल खराब

Wed, 02 Apr 2014 03:15 PM IST
संजय मिश्र/अमर उजाला, नई दिल्ली
संजय मिश्र/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 02 Apr 2014 03:15 PM IST
विज्ञापन
kejriwal promise to youth about age limit to fight election

लोकसभा चुनाव के मैदान में अपने आगाज को धमाकेदार बनाने के लिए आम आदमी पार्टी (आप) के मुखिया अरविंद केजरीवाल अब युवाओं को लुभाने के लिए सियासी गेमचेंजर दांव खेलने जा रहे हैं।

विज्ञापन


युवाओं को आप की ओर खींचने की इस बड़ी तैयारी के तहत लोकसभा और विधानसभा चुनाव लड़ने की उम्र सीमा 25 से घटाकर 21 करने का वादा करने जा रहे हैं।

केजरीवाल अपने इस वादे की गंभीरता को दर्शाने के लिए जनप्रतिनिधित्व कानून में संशोधन को आप के चुनावी घोषणा पत्र में शामिल करेंगे।

मोदी-राहुल को मात देने की तैयारी

kejriwal promise to youth about age limit to fight election

दरअसल भाजपा के पीएम उम्मीदवार नरेंद्र मोदी और कांग्रेस के युवा चेहरे राहुल गांधी की युवा मतदाताओं को रिझाने के अहम फोकस के बीच आप पीछे न रह जाए, इसलिए चुनाव लड़ने की उम्र घटाने यह दांव चला जाएगा।

केजरीवाल को युवाओं का आइकन बनाने के लिए पार्टी इस वादे को तुरुप का पत्ता मान रही है। आप का मानना है कि इस ऐलान के बाद केजरीवाल युवाओं के बीच मोदी और राहुल दोनों से आगे निकलेंगे।

इसके पीछे उनका तर्क है कि संचार और सूचना क्रांति के इस युग में युवा 21 साल की उम्र तक राजनीति में अपनी भागीदारी बढ़ाने और बदलाव का नजरिया पेश करने के लिए परिपक्व हो गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

केजरीवाल के इस दांव के पीछे बड़ी वजह

kejriwal promise to youth about age limit to fight election

चुनाव लड़ने की उम्र घटाने को घोषणापत्र में अहम बनाने की एक बड़ी वजह पार्टी का कैडर भी माना जा रहा है। इंडिया अंगेस्ट करप्शन के समय से केजरीवाल के साथ तीन साल पहले जब युवा बड़ी तादाद में भ्रष्टाचार के खिलाफ उनसे जुड़े थे तो उसमें से काफी 18-19 साल के नौजवान थे जो अब 21 या उससे अधिक के हो चुके हैं।

25 साल की न्यूनतम उम्र सीमा होने की वजह से आप कैडर के कई नौजवान दिल्ली विधानसभा का चुनाव नहीं लड़ पाए। लोकसभा चुनाव में भी उनके सामने यही संकट आया है। जबकि अकेले दिल्ली में आप के पूरे कैडर का करीब 30 फीसदी 21 साल तक का युवा है। जाहिर तौर पर यह फैसला पार्टी के युवा कैडर में भविष्य को लेकर उत्साह पैदा करेगा।

आप नेताओं का कहना है कि चुनाव लड़ने की उम्र सीमा घटाने के वायदे से युवा कार्यकर्त्ताओं में भी चुनाव लड़ने की उम्मीद बंधेगी। अपने इस वादे को लोकसभा चुनाव में भुनाने के लिए पार्टी कई तरह के तर्क और नारों के साथ पेश होने की तैयारी कर रही है। पार्टी के शीर्ष सूत्रों ने बताया कि जनता के सामने आम आदमी पार्टी के प्रचार पत्रों में बाकायदा कहा जाएगा कि राजीव गांधी के समय मतदान करने की उम्र 21 से घटा 18 साल करने के बाद अभी तक ऐसा कोई ऐतिहासिक फैसला युवाओं के लिए नहीं लिया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed