मोदी की काशी को आज क्या क्या देंगे रेल मंत्री?
बनारस के लोगों को पूरी उम्मीद है कि नए रेल बजट में काशी पर ‘प्रभु’ की कृपा होगी। वाराणसी सिटी और मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन के विस्तारीकरण के प्रस्ताव को नए रेल बजट में मंजूरी मिलने की पूरी उम्मीद है।
दोनों ही स्टेशनों को सैटेलाइट स्टेशनों के रूप में विकसित करने की तैयारी है। इसके अलावा बजट में राजधानी, दूरंतो और डेमू ट्रेन का तोहफा भी मिल सकता है।
गुरुवार को रेल मंत्री सुरेश प्रभु जब सदन में नया रेल बजट पेश करेंगे तो प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र के लोगों की निगाहें उन पर होंगी। रेल मंत्री ने पहले ही वाराणसी सिटी (चौकाघाट) और मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन को कैंट रेलवे स्टेशन के सैटेलाइट स्टेशन के रूप में विकसित करने की घोषणा कर रखी है।
वाराणसी सिटी के विस्तारीकरण का प्रस्ताव मंत्रालय को भेजा जा चुका है। 12 करोड़ रुपये से यहां पांच नए प्लेटफार्म का निर्माण होना है। साथ ही दो नई वाशिंग लाइन भी बननी है। उम्मीद है नए बजट में इस प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाएगी।
मिल सकता है राजधानी ट्रेनों का तोहफा
इसी प्रकार वाराणसी से नई दिल्ली के लिए दूरंतो की सौगात मिल सकती है। साथ ही वाराणसी-इलाहाबाद रेल रूट का विद्युतीकरण होने के बाद बनारस को राजधानी ट्रेनों का तोहफा भी प्रभु दे सकते हैं।
दिल्ली से भुवनेश्वर और सियालदाह के लिए दो राजधानी ट्रेनें फिलहाल इलाहाबाद से मुगलसराय होते हुए जाती है। वाराणसी-इलाहाबाद रूट के विद्युतीकरण के बाद पूरी उम्मीद है कि इनमें से एक ट्रेन इलाहाबाद-वाराणसी-मुगलसराय रूट के लिए डायवर्ट की जा सकती है।
नए रेल बजट में औड़िहार-भटनी वाया मऊ रूट के विद्युतीकरण और दोहरीकरण के प्रस्ताव को मंजूरी मिल सकती है। साथ ही वाराणसी से जौनपुर के लिए नई डेमू ट्रेन की सौगात भी सुरेश प्रभु दे सकते हैं। रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा पहले ही कह चुके हैं वाराणसी समेत पूरे पूर्वांचल में रेल के नेटवर्क को मजबूत और सुविधा संपन्न बनाया जाएगा।