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करजई ने भारतीय उद्यमियों को दिया निवेश का न्यौता

Tue, 13 Nov 2012 12:13 AM IST
नई दिल्ली/ब्यूरो
नई दिल्ली/ब्यूरो Updated Tue, 13 Nov 2012 12:13 AM IST
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karzai invited indian businessmen to investment in afghanistan

अफगानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करजई ने भारतीय उद्यमियों को अपने देश में निवेश करने के लिए आमंत्रित किया है। सोमवार को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के साथ मुलाकात के बाद करजई ने कहा कि भारत ने नाजुक वक्त में अफगानिस्तान का बहुत साथ दिया है। अब वहां के हालात ऐसे हैं कि भारतीय उद्यमी वहां की अर्थव्यवस्था से जुड़ सकते हैं। दोनों देशों के बीच कई अहम सामरिक और आर्थिक करार किए गए। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि भारत अफगानिस्तान के राष्ट्र निर्माण की कोशिशों को पूरा समर्थन देता है। गौरतलब है कि अफगानिस्तान से अमेरिका की अगुवाई वाली नाटो सेनाएं हटनी शुरू हो गई है।

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दोनों देशों के शीर्ष नेताओं के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की इस मुलाकात में खदान, उर्वरक, युवा मामले और छोटे स्तर के इन्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कामों के क्षेत्र में महत्वपूर्ण समझौतों पर हस्ताक्षर हुए। साथ ही अफगान सुरक्षा एजेंसियों को प्रशिक्षित करने के मसले में भी अहम पहल हुई है। संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में प्रधानमंत्री ने कहा कि करजई के साथ सभी द्विपक्षीय मामलों पर खुल कर बातें हुई हैं।
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सिंह के मुताबिक करजई की यह यात्रा दोनों देशों के संबंधों को और मजबूती देगी। अफगानिस्तान में शांति बहाली को लेकर भारत कोई कोताही नहीं बरतेगा। मनमोहन सिंह को अफगानिस्तान का दोस्त बताते हुए करजई ने कहा कि दोनों देशों का संबंध शतकों पुराना है। उसी पुराने संबंधों पर पिछले साल सामरिक मामलों पर करार कर दोनों देश एक नई इमारत तैयार कर रहे है। इससे पहले राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने करजई का आधिकारिक सम्मान के साथ स्वागत किया।
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दोनों देशों के बीच लंबे सामरिक और आर्थिक सहयोग के तहत करजई ने मुंबई में प्रमुख बिजनेसमैनों से मुलाकात की और उन्हें अफगानिस्तान में हर तरह की सुविधा का भरोसा दिलाया। करजई के मुताबिक नाटो सेनाओं के हट जाने के बाद भी सुरक्षा को लेकर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। करजई ने इच्छा जताई है कि भारत अफगानिस्तान के साथ आर्थिक संबंधों में पाकिस्तान को भी शामिल करे।

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