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जसवंत ने किया पूर्व वायु सेना प्रमुख का बचाव
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क
Updated Thu, 14 Feb 2013 08:15 PM IST
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भाजपा के वरिष्ठ नेता व पूर्व रक्षामंत्री जसवंत सिंह अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर घूसकांड में संदेह के घेरे में आए पूर्व वायुसेना अध्यक्ष एसपी त्यागी के बचाव में उतर आए हैं। त्यागी को लगभग क्लीन चिट देते हुए जसवंत ने एनडीए सरकार में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार रहे बृजेश मिश्र के हेलीकॉप्टर खरीद के मानदंड बदलवाने के फैसले को भी जायज ठहराया है।
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जसवंत के बेवजह इस विवाद में कूदने से भाजपा असहज हो गई है। पार्टी ने उनके बयान से दूरी बनाते हुए दो टूक कहा कि पूर्व वायुसेना प्रमुख त्यागी अपनी जिम्मेदारी से भाग नहीं सकते हैं। पार्टी अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने कहा कि भाजपा व्यापक जांच के पक्ष में है, ताकि इस घोटाले के जिम्मेदार लोगों के चेहरे सामने आ सकें। जबकि पार्टी प्रवक्ता निर्मला सीतारमन ने कहा कि इस मामले में त्यागी समेत जो भी लोग जांच के घेरे में आएंगे, उन्हें जवाब देना ही होगा।
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दरअसल, जसवंत ने ऐसे समय पर त्यागी की तरफदारी की है, जब भाजपा इस घूसकांड को दूसरा बोफोर्स घोटाला बताकर संसद के बजट सत्र में यूपीए सरकार को घेरने की तैयारी में जुटी है। हालांकि इस मामले में बृजेश मिश्र का नाम उछलने से भाजपा के लिए भी मुश्किल खड़ी होती दिख रही है। अब जसवंत के इस कदम से पार्टी को आशंका है कि भ्रष्टाचार पर यूपीए सरकार के खिलाफ उसके अभियान की धार कुंद हो सकती है।
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बहरहाल, जसवंत ने कहा कि त्यागी पर अनर्गल आरोप नहीं लगाने चाहिए। यह देश और वायुसेना, दोनों के हित में नहीं है। अभी जांच चल रही है, खुद त्यागी कह चुके हैं कि जांच जल्दी होनी चाहिए। उनके सुझाव को क्यों नहीं माना जा रहा है।
उन्होंने कहा कि यह तथ्य भुलाया जा रहा है कि इस मामले में दोषी इटली की कंपनी है। इसके अलावा जसवंत ने एनडीए शासन के दौरान 2003 में हेलीकॉप्टर खरीद के मानदंडों में बदलाव के फैसले को सही ठहराते हुए कहा कि यह व्यावसायिक कारणों से किया गया।
उन्होंने कहा कि 2002 में जब मूल प्रस्ताव आया था तो वायुसेना ने कहा कि अति विशिष्ट लोगों की आवाजाही के लिए 18 हजार फीट की ऊंचाई तक उड़ने वाले हेलीकॉप्टर चाहिए। कैबिनेट की सुरक्षा मामलों की समिति में यह मामला आने पर तब के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार मिश्र ने सही सुझाव दिया कि एकल विक्रेता उचित नहीं रहेगा। तब एक ही कंपनी 18 हजार फीट की ऊंचाई तक उड़ने वाले हेलीकॉप्टर बनाती थी। जसवंत ने कहा कि मिश्र ने ऐसा करके कोई गलत काम नहीं किया।