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इराक और सीरिया के इतिहास को मिटाने पर तुला आईएस

Sat, 28 Feb 2015 12:26 AM IST
Updated Sat, 28 Feb 2015 12:26 AM IST
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IS bent on wiping out the history of Iraq and Syria

अगर जल्द खूंखार आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट पर शिकंजा नहीं कसा गया तो भारतीय उप महाद्वीप की ऐतिहासिक सिंधु घाटी सभ्यता के समकालीन रही मेसोपोटामिया की सभ्यता के नामोनिशां भी नहीं बचेंगे।

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इराक और सीरिया के काफी बडे़ हिस्से में अपनी पैठ बना चुके आईएस वहां की ऐतिहासिक विरासतों को बर्बाद करने पर तुला हुआ है। ये आतंकी इस्लाम के जन्म से पहले की विरासतों को नष्ट कर रहे हैं। आतंकी संगठन की इस करतूत से दोनों देशों के प्राचीन इतिहास पर ही खतरा मंडराने लगा है।
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ऐसी रिपोर्ट हैं कि ये आतंकी इन दोनों देशों के ऐतिहासिक स्थलों पर भी कब्जा जमाए बैठे हैं। वे अगवा किए गए बंधकों के साथ दासों जैसा बर्ताव तो कर ही रहे हैं, साथ ही ऐतिहासिक अतुलनीय कलाकृतियों और स्थलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
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धार्मिक अल्पसंख्यक समूहों से वसूल रहे कर के रूप में सोना

IS bent on wiping out the history of Iraq and Syria

अपने विरोधियों का बडे़ पैमाने पर सफाया करने के साथ ही आतंकी संगठन ने धार्मिक अल्पसंख्यक समूहों पर भारी भरकम कर भी लाद रखे हैं। ये कर सोने के रूप में चुकाने पड़ रहे हैं।

एक जमाने में ऐसे बर्बर कामों के लिए तैमूर लंग और चंगेज खान जैसे मंगोल शासक ही कुख्यात थे, मगर इन दिनों इराक और सीरिया में भी आईएस ने मध्यकालीन युग जैसे हालात पैदा कर दिए हैं।

आतंकी संगठन के निशाने पर मेसोपोटामिया समेत पुरातन ऐतिहासिक स्थलों के अलावा पुराने धार्मिक और जातीय समूह भी निशाने पर हैं। उदाहरण के तौर पर हाल ही में आतंकियों ने उन असीरियाई ईसाइयों पर हमला किया, जो दुनिया का सबसे पुराना ईसाई समुदाय है।

287 असीरियाई लोगों को बनाया बंधक

IS bent on wiping out the history of Iraq and Syria

असीरियाई लोगों के नेता दाऊद दाऊद ने कहा कि आतंकियों ने उनके समुदाय के 287 लोगों को बंधक बना लिया, जिनमें 30 बच्चे और दर्जनों महिलाएं हैं। तीस गांव खाली करा दिए गए। आईएस द्वारा अपना गांव जलाए जाने के समय जान बचाकर कमीशली पहुंचे संगीतकार अब्दुल अहद निशान (48) ने कहा कि अगवा हुए लोगों में उनकी पत्नी और करीबी दोस्त भी हैं।

अब्दुल ने कहा, ‘मैं हर रोज उन्हें फोन करता हूं, मगर मोबाइल बंद मिलता है।’ हालांकि असीरियाई समुदाय ने इस मामले में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इस मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है।

इस्लाम पूर्व की विरासतें निशाने पर

इस्लामिक स्टेट के निशाने पर इस्लाम के आगमन से पहले की विरासतें भी हैं। आतंकी पुरातन मूर्तियों को तोड़ रहे हैं। इराक के मोसुल शहर में बने संग्रहालय की विरासतों के वजूद पर ही खतरा मंडरा रहा है।

संग्रहालय पर कब्जा जमाए आतंकी यहां की मूर्तियों और प्रतिमाओं को तोड़ रहे हैं। इनमें असीरियाई साम्राज्य के बारे में हाल में मिले पुरावशेष और किंग सेनाहरीब के महल से मिले पुरातन अवशेष भी शामिल हैं।

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