होश में आ रही है इंद्राणी, ठीक होने में लगेंगे तीन दिन
हाई प्रोफाइल शीना बोरा हत्याकांड की मुख्य आरोपी इंद्राणी मुखर्जी ने जेल में खुदकुशी की कोशिश की है। उसे सीने में दर्द की शिकायत पर शुक्रवार दोपहर दो बजे जेजे अस्पताल लाया गया था, तब से देर रात तक वह बेहोशी की हालत में थी।
अस्पताल के अधिष्ठाता डॉ तांत्या लहाने ने बताया कि उसकी हालत गंभीर है और अगले 24 घंटे काफी क्रिटिकल हैं। डॉ लहाने के अनुसार इंद्राणी ने आवश्यकता से अधिक गोलियां खाई हैं, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई है। डॉक्टरों ने इंद्राणी के शरीर से जहरीले पदार्थ को निकाल दिया है।
फिर भी स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है। पेट की सफाई से जो भी निकला है, उसे फोरेंसिक लैब में जांच के लिए भेज दिया गया है। डॉक्टरों का कहना है कि उन्हें अभी खतर से बाहर आने के लिए कम से कम 72 घंटे लगेंगे। डॉ लहाने के मुताबिक वो धीरे धीरे होश में आ रही हैं, मौखिक बातों का जवाब भी दे रही हैं।
जेल में कैसे मिलीं इतनी गोलियां
कहा जा रहा है कि इंद्राणी ने मिर्गी की दवा अधिक मात्रा में ले ली
है। इस संबंध में डॉ लहाने ने कहा कि उन्हें खुद नहीं मालूम है कि
इंद्राणी ने कौन सी दवा खाई है।
फोरेंसिक लैब की रिपोर्ट आने के बाद ही इस बारे में पता चल सकेगा। पुलिस इस बात की जांच में जुट गई है कि इंद्राणी को जेल में ये गोलियां कैसे मिलीं। दो दिन पहले ही इंद्राणी मुखर्जी की 82 वर्षीय मां दुर्गा बोरा का गुवाहाटी में निधन हो गया था। उसके बाद वह बेचैन हो उठी थी।
आईएनएक्स मीडिया की सीईओ और स्टार इंडिया के पूर्व मुखिया पीटर मुखर्जी की पत्नी इंद्राणी पर अपनी ही बेटी शीना बोरा के कत्ल का आरोप है। मुंबई पुलिस ने बीते 24 अगस्त को इंद्राणी को गिरफ्तार किया था। पुलिस रिमांड में 14 दिन पूछताछ के बाद उसे जेल भेज दिया गया था। फिलहाल सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है।
शीना बोरा की हत्या तीन साल पहले 24 अप्रैल 2012 को हुई थी। आरोप है कि इंद्राणी ने शीना की गला दबाकर हत्या की और फिर संजीव मुखर्जी तथा ड्राइवर श्याम राय के साथ मुंबई से सटे रायगढ़ के गगोर्डे गांव के जंगल के पास शव को जलाकर फेंक दिया। इस मामले में संजीव खन्ना एवं श्याम राय भी जेल में हैं।