भारत पर आरोप लगाकर आंदोलन दबाना चाहती है नेपाल सरकार
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नए संविधान के विरोध में देश के प्रमुख नाकाओं पर धरना दे रहे मधेसियों ने नेपाल के गृह मंत्री के उन आरोपों को नकारा है, जिसमें उन्होंने नाकेबंदी के लिए भारत को जिम्मेदार ठहराया था।
संघीय समाजवादी फोरम के अध्यक्ष उपेंद्र यादव ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि भारत विरोधी भावनाएं फैलाकर नेपाल सरकार मधेसियों की आवाज दबाना चाहती है। नेपाल के गृह मंत्री बामदेव गौतम ने भारत पर नाकेबंदी के लिए मधेसियों को उकसाने का आरोप लगाया था।
बोले, महात्मा गांधी के समान उनका आंदोलन भी अहिंसात्मक
एक हफ्ते से भी ज्यादा समय से चल रहा मधेसियों की नाकेबंदी ने देश में पेट्रोल-डीजल जैसी जरूरी उत्पादों की किल्लत शुरू कर दी है। नेपाल के प्रमुख पांच नाकाओं में से एक विराटनगर नाके पर उपेंद्र यादव धरने पर बैठकर नाकाबंदी कर रहे हैं।
यादव ने कहा कि उनका आंदोलन महात्मा गांधी के समान ही अहिंसात्मक है। उन्होंने अपने आंदोलन को असहयोग और अवज्ञा आंदोलन की संज्ञा दी है।
यादव ने कहा कि मधेस आंदोलन को गोलियों के डर से नहीं दबाया जा सकता। उन्होंने कहा कि भारत के साथ रिश्तों में इन परिस्थितियों की वजह से कोई फर्क नहीं पड़ेगा।