अपने साथ 10 और बच्चों का भविष्य सवारेंगे बृजेश और राजू
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प्रतापगढ़ के जिन दो भाईयों को आईआईटी में एडमिशन दिलाने के लिए यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, राहुल गांधी और मानव संसाधन एवं विकास मंत्रालय आगे आएं हैं उन्होंने अब यह ठान लिया है कि वे गांव के 10 बच्चों की शिक्षा दीक्षा का जिम्मा संभालेंगे।
राजू और बृजेश उन्हें जवाहर नवोदय विद्यालय में एडमीशन दिलाने के लिए उनकी तैयारी कराएंगे, ताकि वे बच्चों की किस्मत बदल सकें।
राजू और बृजेश सरोज के पिता धर्मराज के पास अपने मेधावी बच्चों का एडमिशन कराने के लिए पैसे नहीं थे। ये बात सामने आने के बाद इस परिवार की मदद के लिए हर वर्ग से लोग आगे आए थे।
संसाधनों के अभाव में दब जाती है मेधा
राजू ने कहा कि क्षेत्र में कई ऐसे मेधावी बच्चे हैं जिनकी मेधा संसाधनों के अभाव में दब जाती है। वो सभी बच्चे कुछ न कुछ अच्छा कर सकते हैं यदि उन्हें सही शिक्षा दिशा में शिक्षा मिले तो।
उन्होंने कहा कि इसकी बेहतर शुरुआत बच्चों के जवाहर नवोदय विद्यालय में एडमिशन करा के हो सकती है। राजू और बृजेश ने यह फैसला किया है कि वे कक्षा पांच तक पढने वाले गांव के 10 बच्चों की सालाना फीस भी जमा करेंगे और उसके बाद जवाहर नवोदय विद्यालय में एडमीशन के लिए उन्हें गाइड करेंगे।
बृजेश ने कहा कि बच्चों की मदद करने के लिए वे हमेशा सोचते रहे हैं।उन्होंने कहा कि हमारी इस पहल में गांव के स्कूल में प्रिंसिपल हरेराम यादव उनकी मदद कर रहे हैं।
पिता भी है फैसले से खुश
राजू और बृजेश के इस फैसले के पिता भी खुश हैं। उनका कहना है कि कई ऐसे लोग जो मुझे और मेरे परिवार से कभी नहीं मिले लेकिन खबर मिलने पर उन्होंने हमारी मदद की।
तो अब हमारा भी फर्ज बनता है कि हम ऐसे लोगों की मदद कर सकें जिन्हें मदद की जरुरत है। बताते चलें कि राजू और बृजेश ने क्रमशः 167 और 410 रैंक हासिल की थी, लेकिन आर्थिक तंगी की वजह से उनके एडमिशन में दिक्कत आ रही थी।