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मैंने सोनिया गांधी के इशारे पर नहीं किया कोई काम: आजाद

Mon, 28 Dec 2015 10:59 AM IST
Updated Mon, 28 Dec 2015 10:59 AM IST
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I did not do any work behest of Sonia Gandhi: Azad

भाजपा से निलंबित सांसद और पूर्व क्रिकेटर कीर्ति आजाद ने उनके ऊपर लगातार लग रहे आरोपों का खंडन किया है। आजाद ने कहा कि वह सोनिया गांधी के इशारे पर कोई काम नहीं किया बल्कि एक खिलाड़ी होने के मुताबिक ऐसी धांधलियों के खिलाफ आवाज उठाया।

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उन्होंने कहा कि मेरे ऊपर इस तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं कि मैंने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के इशारे पर लोकसभा में सवाल उठाए। लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है। भाजपा के प्रवक्ता मीडिया में कुछ इसी तरह के आरोप लगा रहे हैं लेकिन मैं उनको बताना चाहता हूं कि लोकसभा की नियमावली के मुताबिक संसद में बोलने का अधिकार सिर्फ उसी को मिलता है जिसे सदन के अध्यक्ष ने अनुमति दी हो।
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उन्होंने कहा कि भाजपा के प्रवक्ता बिना मुझसे बात किए ही मेरे ऊपर ऐसे फिजुल के आरोप लगा रहे हैं। ऐसे आरोप लगाकर वे सदन के अध्यक्ष की गरिमा को भी धूमिल कर रहे हैं। अध्यक्ष के अनुमति के बाद ही उन्होंने लोकसभा में दिल्ली और जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) में हुए कथिततौर पर भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाया था।
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जेटली पर लगे हैं आरोप

I did not do any work behest of Sonia Gandhi: Azad

आजाद ने कहा कि मुझे मीडिया के माध्यम से ही इस तरह के आरोपों की बात पता चली इसलिए मीडिया के माध्यम से ही इसका जवाब देना उचित होगा। उन्होंने कहा कि डीडीसीए में हुए घोटाले की जांच के लिए उन्होंने जो आवाज उठाई थी वह आगे भी जारी रहेगी।

गौरतलब है कि भाजपा ने डीडीसीए घोटाले में वित्त मंत्री अरुण जेटली का कथित तौर पर नाम आने के बाद कीर्ति आजाद को डीडीसीए में हुए भ्रष्टाचार के मामले को ठंडे बस्ते में डालने की बात कही थी। लेकिन जब आजाद ने पार्टी की बात को अनसुना कर दिया तो उन्हें पार्टी ने निलंबित कर दिया।

हालांकि, उनके निलंबन पर पार्टी के कई बड़े नेताओं ने अपना विरोध भी जताया और इस मामले में सामुहिक राय नहीं लेने की बात भी कही। पार्टी के मार्गदर्शक मंडल के कई सदस्यों ने इस फैसले को गलत करार देते हुए इससे पार्टी की छवि धूमिल करने वाला फैसला बताया था।

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