आजम के आरोपों पर राज्यपाल का करारा जवाब
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प्रदेश सरकार के नगर विकास मंत्री आजम खां के आरोपों को राज्यपाल ने खारिज किया है। मंत्री द्वारा लिखे गए चार पेज के पत्र बारे में कहा कि उन्हें पत्र मिलने से पहले मंत्री ने मीडिया को भेज दिया था।
आजम ने जो आरोप लगाए हैं, वह तथ्यहीन हैं। वह संवैधानिक पद पर हैं, इससे ज्यादा नहीं बोल सकते। यहां सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आए राज्यपाल ने प्रेस से बातचीत की।
आजम खां के बयान कि ‘उनसे प्रदेश के सारे मुसलमान परेशान हैं’ और उनको लिखे गए पत्र के सवाल पर राम नईक ने कहा कि उन्होंने जवाब दे दिया है। पत्र मिलने से पहले मीडिया के पास पहुंच चुका था। जो आरोप लगाए हैं वह गलत हैं।
प्रदेश में कानून व्यवस्था सुधारने की जरूरत बताई
इस सवाल पर कि ‘आजम खां को आपसे इतनी मुहब्बत क्यों है’ पर बोले, आप उन्हीं से पूछ लीजिए। सूबे के कानून व्यवस्था और रविवार को सहारनपुर में हुई 10 करोड़ रुपये की डकैती पर कहा कि प्रदेश में सभी जगह कानून व्यवस्था में सुधार की जरूरत है।
कानून, बिजली और भ्रष्टाचार देखना उनका कर्त्तव्य है। हर महीने उन्हें राष्ट्रपति को रिपोर्ट भेजनी पड़ती है। राज्यपाल ने कहा कि भ्रष्टाचार के मामले में सरकार को त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए।
हाल में दो विधायकों पर की गई कार्रवाई पर बताया कि लोकायुक्त की रिपोर्ट के बाद 10 महीने फाइल इलेक्शन कमीशन में रही। उन्होंने कई बार पत्र और डीओ लिखा। बाद में मामले में कार्रवाई हुई। जौहर विवि के संपत्ति से जुड़े विवाद पर राज्यपाल ने कहा कि वह उनके अधीन नहीं है।