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मतंग-गोस्वामी मामले में एक और बड़ा खुलासा

Fri, 06 Feb 2015 09:58 PM IST
Updated Fri, 06 Feb 2015 09:58 PM IST
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goswami given z plus security of matang singh

अनिल गोस्वामी को गृह सचिव पद से हटाए जाने के बाद उनके कारनामों का एक और खुलासा हुआ है। गोस्वामी ने शारदा मामले में आरोपी पूर्व केंद्रीय मंत्री मतंग सिंह की जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा बरकरार रखी थी, जबकि एनडीए सरकार को इसी भनक तक नहीं थी।

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यूपीए सरकार के समय 2013 में अनिल गोस्वामी के गृह सचिव बनने के बाद से मतंग सिंह को जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा मिली थी। सूत्रों के अनुसार मतंग सिंह का नाम उन प्रमुख लोगों की सूची से भी गायब था जिनकी सुरक्षा की समीक्षा एनडीए के सत्ता में आने के बाद की गई थी।
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सुरक्षा की समीक्षा बैठक के बाद यूपीए सरकार में मंत्री रहे बेनी प्रसाद वर्मा, जितिन प्रसाद, सचिन पायलट और आरपीएन सिंह समेत कई लोगों की सुरक्षा या तो घटा दी गई थी या फिर वापस ले ली गई थी। सूत्रों के अनुसार सिंह से संबंधों के कारण ही गोस्वामी पूर्व केंद्रीय मंत्री मतंग सिंह के निवास पर आयोजित एक जन्मदिन समारोह में भी शामिल हुए थे।
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एनडीए की समीक्षा वाली लिस्ट से भी गायब था मतंग का नाम

goswami given z plus security of matang singh

इस समारोह का आयोजन सिंह की करीबी एक महिला ने किया था। यह वही महिला है जिसने मतंग सिंह की गिरफ्तारी के दौरान सीबीआई अधिकारियों के सामने हंगामा किया था।

इतना ही नहीं अनिल गोस्वामी के कार्यकाल के दौरान अपने पसंदीदा लोगों की नियुक्तियां भी गृहमंत्रालय में करवाने में कामयाब रहे। सीबीआई ने मतंग सिंह की गिरफ्तारी के संबंध में गोस्वामी के कोलकाता में शारदा घोटाले की जांच कर रहे संयुक्त निदेशक के साथ संपर्क करने की जांच शुरू कर दी है।

मतंग सिंह की गिरफ्तारी के बाद सीबीआई में सात संयुक्त निदेशकों का तबादला कर दिया गया है। सूत्रों के अनुसार सिंह की गिरफ्तारी के दौरान सीआईएसएफ के एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी संदेह के घेरे में हैं और एजेंसी ने इसकी रिपोर्ट सरकार में उच्च अधिकारियों को भेज दी है।

बताया जा रहा है कि यह अधिकारी लगातार सिंह की गिरफ्तारी को टालने का प्रयास करता रहा। इस आईपीएस की दिल्ली में पोस्टिंग गोस्वामी के कार्यकाल के दौरान ही हुई थी।

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