हुर्रियत के गिलानी गुट ने नवाज शरीफ को लिखा गुप्त पत्र
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हुर्रियत के अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी के नेतृत्व वाले गुट के तीन नेताओं ने पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित से मुलाकात कर उन्हें एक गुप्त पत्र सौंपा है।
यह गुप्त पत्र पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को लिखा गया है। गौरतलब है कि हुर्रियत के अलगाववादी नेताओं की पाकिस्तान के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार सरताज अजीज के साथ मुलाकात पर भारत ने रोक लगा दी थी।
हुर्रियत कांफ्रेंस के प्रवक्ता अयाज अकबर ने कहा कि उनके धड़े की ओर से शरीफ साहब के लिए लिखा गया पत्र पाकिस्तान उच्चायोग के अधिकारियों को दे दिया गया। गिलानी के प्रमुख सहयोगियों अयाज अकबर, पीर सैफुल्लाह और अलताफ अहमद ने इस दौरान पाकिस्तानी उच्चायुक्त अब्दुल बासित से उनके दफ्तर में मुलाकात की।
यह मुलाकात एक घंटे तक चली। हालांकि यह नहीं बताया गया कि पत्र में क्या लिखा गया है। अकबर ने कहा पत्र गोपनीय और बेहद अहम है। पाकिस्तानी उच्चायोग के अधिकारियों ने हमें आश्वासन दिया है कि यह पत्र पाकिस्तानी प्रधानमंत्री को डिस्पैच कर दिया जाएगा।
बासित से मिले हुर्रियत नेता
पाकिस्तान की ओर से नई दिल्ली में सुरक्षा सलाहकार सरताज अजीज के भारतीय समकक्ष से बातचीत खारिज करने के बाद हुर्रियत सदस्यों की अब्दुल बासित से यह पहली मुलाकात थी।
गिलानी को सरताज अजीज से आमने सामने की बातचीत करनी थी। भारत ने पिछले दिनों पाकिस्तान से साफ कह दिया था कि कश्मीर मुद्दे पर सिर्फ द्विपक्षीय बातचीत होगी। इस सिलसिले में उसने पाकिस्तान के उच्चायुक्त की ओर से हुर्रियत कांफ्रेंस के नेताओं को न्योता देने का कड़ा विरोध किया था।
इसके बाद तनातनी भरे माहौल की वजह से दोनों देशों के बीच से 23 और 24 अगस्त को होने वाली राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार स्तर की बातचीत आखिरी वक्त में खारिज कर दी गई। पाकिस्तान की ओर से बातचीत खारिज करते हुए कहा गया कि इसके लिए भारत की ओर से लादी जा रही शर्त उसे नामंजूर है।