आठ साल पहले फ्रीज किए अंडाणु से डायना हेडेन बनीं मां
पूर्व विश्व सुंदरी डायना हेडेन ने आठ साल पहले जमाए गए अंडाणु की मदद से एक बच्चे को जन्म दिया है। डायना जब 32 साल की थीं तभी उन्होंने अपने अंडाणु को जमाने का निर्णय लिया था।
डीएनए में छपि एक खबर के मुताबिक डायना ने मुंबई के सांताक्रूज में स्थित सूर्या मदर एंड चाइल्ड हॉ़स्पिटल में आर्या हेडेन को जन्म दिया। इस सफल प्रयोग के बाद अब महिलाओं को जल्दी शादी करने और जल्दी मां बनने की चिंता से मुक्ति मिल जाएगी। 2006 में इस तरह के प्रयोग की खबर आने के बाद ही डायना ने अपने अंडाणु को फ्रीज करन फैसला किया था। उन्होंने अक्टूबर 2007 और मार्च 2008 के बीच कुल 16 अंडों को फ्रीज करवाया था।
दो साल पहले ही डायना ने अमेरिका के कोलिन डिक से शादी की थी। इस दौरान उन्हें इस बात का पता चला कि वह एंडोमेट्रियोसिस नामक बीमारी से जूझ रही हैं। इस बीमारी की वजह से औरतों की अंडाणुओं की गुणवत्ता काफी घट जाती है। इस बात की जानकारी होने के बाद हेडेन ने मां बनने का फैसला किया। डायना ने अपने पति के साथ मिलकर जमाए गए अंडों की मदद से एक टेस्ट ट्यूब बेबी को जन्म दिया।
करियर के लिए लिया था फैसला
डायना ने जिस बच्चे को जन्म दिया है वो पूरी तरह से स्वस्थ्य है। उनके बच्चे का वजन 3.7 किग्रा और लंबाई 55 सेमी है। एक औसत बच्चे का वजन 2.6 किग्रा और लंबाई 48 सेमी के आस-पास होती है।
डायना की फर्टिलिटी विशेषज्ञ डॉ फिरुजा पारिख ने बताया, 'अंडाणु को जमाने की प्रक्रिया महिलाओं के बीच काफी प्रचलित है जो अपने बच्चों के जन्म में अंतर रखना चाहती हैं।'
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि यह प्रक्रिया काफी विवादित भी है। अमेरिकन मेडिकल एसोशिएन की पत्रिका में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक इस प्रक्रिया के दौरान अंडों को नुकसान पहुंच सकता है जिसकी वजह से महिला की मां बनने से वंचित रह सकती है।