फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   fake call in the name of manmohan singh, lalu prasad yadav and shatrughan sinha

प्रधानमंत्री बोल रहा हूं, लड़के को प्रमोशन दो!

Thu, 26 Sep 2013 03:31 PM IST
दिल्ली
दिल्ली Updated Thu, 26 Sep 2013 03:31 PM IST
विज्ञापन
fake call in the name of manmohan singh, lalu prasad yadav and shatrughan sinha

देश का प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह बोल रहा हूं, इस लड़के को नौकरी में प्रमोशन दो! एक निजी कंपनी में कार्यरत कर्मचारी के प्रमोशन के लिए क्या सच में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने फोन किया था।

विज्ञापन


प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह की आवाज में निजी म्यूजिक कंपनी के अधिकारियों को धमकाने का मामला सामने आया है।

खुद को प्रधानमंत्री बताकर फोन करने वाले शख्स ने कंपनी के एक कर्मचारी का प्रमोशन कर उसे बेहतर सुविधाएं देने के लिए कहा था।

इससे पहले भी कभी पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव तो कभी भाजपा नेता शत्रुघ्न सिन्हा और पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री रघुपति बनकर कर्मचारी की सिफारिश की गई। मामले की भनक लगते ही कर्मचारी को कंपनी से निकाल दिया गया।
विज्ञापन


कंपनी के निदेशक ने शिकायत दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा में की, जिसके बाद सोमवार को मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।

सुपर कैसेट्स इंडस्ट्रीज के निदेशक व जीके-2 निवासी वेदप्रकाश (60) ने अपराध शाखा को शिकायत दी है। वेदप्रकाश के मुताबिक, सभी कॉल 20 सितंबर 2011 से 30 जून 2013 के बीच की गई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने बताया कि कई साल पहले उनकी कंपनी में एक बड़े मंत्री की सिफारिश पर किशन कुमार को लाइजनिंग कंसलटेंट के पद पर रखा गया था।

किशन को नौकरी पर रखने के बाद उसका प्रोमोशन और सुविधाएं देने के लिए कभी लालू यादव तो कभी शत्रुघ्न सिन्हा के फोन आने लगे। कई बार गायकों की सिफारिश और उनके एलबम रिलीज करने के लिए भी कहा जाता था।

काम न करने पर कंपनी बंद करवाने व मरवाने की धमकी दी जाती थी। उन्होंने कहा कि इसी साल की शुरुआत में प्रधानमंत्री का फोन कंपनी के बड़े अधिकारियों के पास आया, जिसमें किशन की सिफारिश की गई।

शक होने पर कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी खुद लालू प्रसाद यादव और शत्रुघ्न सिन्हा के पास पहुंचे। उन दोनों ने किसी तरह की कॉल से इंकार कर दिया।

कंपनी के अपने स्तर पर की गई छानबीन के बाद किशन कुमार को 30 जून 2013 को निकाल दिया गया। उसके बाद भी कॉल आती रहीं। इस बीच अधिकारियों ने कुछ कॉल की रिकॉर्डिंग भी कर ली।


आरोपी की तलाश में छापेमारी जारी

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आईपीसी की धारा 419, 507 और 120बी के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। ज्यादातर फोन कॉल तीन नंबरों से आई हैं, जिसके आधार पर मामले की छानबीन की जा रही है।

शकरपुर स्थित किशन कुमार के घर, रिश्तेदारों और अन्य जगहों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस किशन की मोबाइल डिटेल के आधार पर भी छानबीन कर रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed