नरेंद्र मोदी ने बादल को बताया 'भारत का मंडेला'
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण की जयंती पर आयोजित एक कार्यक्रम में प्रकाश सिंह बादल को सम्मानित करते हुए उन्हें 'भारत का मंडेला' की उपाधि दी। उन्होंने कहा कि 'प्रकाश सिंह बादल एक महान नेता हैं जिन्होंने राजनीतीक कारणों से स्वतंत्र भारत में करीब 20 साल जेल में गुजारे।'
I believe Badal sahab is India's Nelson Mandela, this great leader spent almost 2 decades in prison in free India for pol reasons: PM Modi
— ANI (@ANI_news) October 11, 2015
जेपी के 113वीं जयंती पर उनको याद करते हुए मोदी ने कहा, 'इमरजेंसी के दौरान जिस नेतृत्व का जन्म हुआ वह केवल टीवी स्क्रीन्स के लिए नहीं था। वह देश के लिए जीने और मरने वाला नेतृत्व था।' नरेंद्र मोदी ने 'लोकतंत्र के प्रहरी' नामक एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि इमरजेंसी लोकतंत्र के लिए सबसे बड़ा आघात था। उस दौरान इस तरह के संकट की स्थिति से उबरने के लिए हमारा लोकतंत्र और मजबूत होकर उभरा।
Leadership born during Emergency was not one for TV screens. It was a leadership to live and die for the Nation: PM @narendramodi
— PMO India (@PMOIndia) October 11, 2015
उन्होंने कहा, 'मैं उन लोगों के प्रति आभारी हूं जिन लोगों ने इसके लिए संघर्ष किया और इसके (इमरजेंसी) खिलाफ लड़े।' इस दौरान उन्होंने उन लोगों को भी सम्मानित किया जो इमरजेंसी के खिलाफ खड़े हुए और 1975-76 में जेल यात्रा की।
सभी बड़े नेता गए जेल
इमरजेंसी के दिनों को याद करते हुए मोदी ने कहा कि उस दौरान जिस राजनीतिक पीढ़ी का जन्म हुआ वह पूरी तरह से लोकतंत्र की मर्यादाओं के प्रति समर्पित थी। उन्होंने कहा, 'आज की राजनीति के जुड़े बहुत सारे लोग इमरजेंसी के दौरान जेपी आंदोलन से जुड़े रहे। वहीं से एक नए राजनीतिक पीढ़ी का जन्म हुआ।'
In 1977 polls top leadership was in jail. No one knew what was happening but see the strength of people & their respect for democracy: PM
— PMO India (@PMOIndia) October 11, 2015
उन्होंने कहा कि 1977 के चुनाव के वक्त देश के सभी बड़े नेता जेल में थे। कोई नहीं जानता था कि क्या होने वाला है लेकिन उन लोगों ने लोकतंत्र के प्रति जनता की ताकत और इज्जत को देखा था। हमें इमरजेंसी का याद करके रोने की जरूरत नहीं बल्कि हमें इमरजेंसी के खिलाफ चलाए गए आंदोलन को याद करना चाहिए जिसने लोकतंत्र को मजबूती दी।