भुजबल की मुश्किलें बढ़ी, कसा ईडी का शिकंजा
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प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने महाराष्ट्र के पूर्व लोक निर्माण विभाग मंत्री छगन भुजबल के खिलाफ दर्ज दो मामलों के संदर्भ में मुंबई और आसपास के कई स्थानों पर सोमवार को छापेमारी की। ईडी के एक अधिकारी ने कहा, ‘हम मामले से संबंधित लोगों से जुडे़ स्थानों पर छापेमारी कर रहे हैं।’
अधिकारी ने उन लोगों का नाम बताने से इनकार कर दिया जिनके परिसरों की तलाश की जा रही है। ईडी ने कुल 900 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितता को लेकर पिछले सप्ताह राकांपा नेता के खिलाफ धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत दो ईसीआईआर (प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट) दर्ज की थीं।
निदेशालय ने सिंगापुर आधारित उस कंपनी के चार लोगों को भी समन जारी किया था जिसमें भुजबल की कंपनी आर्मस्ट्रांग एनर्जी ने निवेश किया है।
900 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितता से जुड़ा है मामला
ईडी द्वारा दर्ज किया गया पहला मामला महाराष्ट्र सदन घोटाले और कलीना भूमि आवंटन मामले से संबंधित है जबकि दूसरा मामला नवी मुंबई में एक आवासीय परियोजना से जुड़ा है।
इस परियोजना के डेवलपर ने 2010 में फ्लैट की कुल कीमत का 10 प्रतिशत बुकिंग राशि के तौर पर कथित रूप से एकत्र किया था लेकिन फ्लैटों के निर्माण का कोई काम शुरू नहीं किया गया।
नवी मुंबई पुलिस ने 13 जून को भुजबल के खिलाफ मामला दर्ज किया था जो 44 करोड़ रुपये की राशि से जुड़ा है। इससे 2,300 लोग संबंधित हैं जिन्होंने नवी मुंबई के खारघर में भुजबल के परिवार के स्वामित्व वाली रियल एस्टेट कंपनी द्वारा प्रवर्तित ‘हेक्स वर्ल्ड’ परियोजना में मकान बुक कराया था।’