कुदरत का करिश्मा! कुत्तों के झुंड ने रातभर की नवजात की हिफाजत
फानूस बनकर जिसकी हिफाजत हवा करे, वह शमां क्या बुझे, जिसे रोशन खुदा करें। यह कहावत रविवार की अलसुबह रतसर कस्बा के पास रतसर-पूर मार्ग पर पुलिया के पास चरितार्थ होती दिखी, जहां रातभर कुत्तों के झंड ने एक नवजात बालक की हिफाजत की।
लोगों की सहमति के बाद पुलिस ने सभी औपचारिकता पूरी कर नवजात को संवरा गांव की एक महिला को सौंप दिया। रविवार की अलसुबह रतसर-पूर मार्ग स्थित पुलिया के पास मूज में एक नवजात के रोने की आवाज राहगीर ने सुनी तो वह पास पहुंचा, जहां उसने देखा कि एक नवजात बालक को कुत्तों के झुंड ने घेर रखा है।
अन्य लोगों के वहां पहुंचने के बाद कुत्तों का झुंड हट गया। इसके बाद लोग नवजात को उठाकर कस्बा में ले आए और मुकामी पुलिस को सूचना दी। यह जानकारी कस्बे में पहुंची तो तमाम लोग जुट गए।
नवजात को मिली पूनम की गोद
इस दौरान तीन महिलाओं ने नवजात को गोद लेने की इच्छा जताई। जानकारी के बाद चौकी इंचार्ज मंशा राम गुप्ता ने जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी कर संवरा चौकी क्षेत्रअंतर्गत संवरा निवासी पूनम पत्नी प्रदीप गुप्ता को नवजात को सौंप दिया।
वह नवजात को गोद लेने की सबसे ज्यादा इच्छुक थीं। बताया गया कि पूनम को एक बेटी थी, जिसकी साल भर पहले एक हादसे में मृत्यु हो गई थी। नवजात मिलने के बाद पूनम और उनका परिवार काफी खुश है।