फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   India News Archives ›   dial this number to complain train catering

ट्रेन में कैटरिंग की शिकायत के लिए डायल करें ये नंबर

Wed, 23 Jan 2013 10:45 PM IST
नई दिल्ली/बृजेश सिंह
नई दिल्ली/बृजेश सिंह Updated Wed, 23 Jan 2013 10:45 PM IST
विज्ञापन
dial this number to complain train catering

रेल मंत्रालय ने ट्रेनों में खानपान व्यवस्था की खामियों को दूर करने के लिए यात्रियों की शिकायत पर तत्काल कार्रवाई के लिए टोल फ्री नंबर 1800111321 शुरू किया है।

विज्ञापन


चलती ट्रेनों में निजी या सरकारी कैटरिंग व्यवस्था संबंधी किसी भी तरह की शिकायत मिलने पर संबंधित मैनेजमेंट को तत्काल कार्रवाई करने को कहा जाएगा। अभी यह प्रतिदिन सुबह सात बजे से रात के दस बजे तक शुरू की गई है।
विज्ञापन


रेल मंत्री पवन कुमार बंसल ने बताया कि खान पान व्यवस्था को ज्यादा बेहतर बनाने के लिए रेलवे लगातार प्रयास कर रहा है। कैटरिंग संबंधी शिकायतों के जल्द से जल्द निस्तारण के लिए यह टोल फ्री नम्बर पिछले हफ्ते से शुरू किया गया है। पैंट्री कार से खाना लेने पर यात्रियों को उसकी रसीद भी मिलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


ज्यादा कीमत लेने अथवा खाने पीने के सामान में गुणवत्ता की शिकायत होने पर तत्काल उक्त नंबर पर शिकायत की जा सकती है। शिकायत मिलते ही पैंट्री कार मैनेजर से संपर्क कर निर्देश दिया जाएगा। लगातार शिकायतें मिलने पर संबंधित ठेकेदार के खिलाफ रेलवे प्रशासन उचित कार्रवाई करेगा।

हर बड़े स्टेशन पर बनेगा बेस किचेन
रेलवे ने फैसला लिया है कि जल्द ही ट्रेनों में खानपान की आपूर्ति के लिए नये वेंडरों को टेंडर के माध्यम से ठेका दिया जाएगा। नये कांट्रैक्ट में हर वेंडर को चाहे वे रेलवे के हों या निजी ठेकेदार को खाने की आपूर्ति के लिए रूट के महत्वपूर्ण स्टेशनों के पास ही बेस किचेन बनाना होगा। बेस किचेन बनाने के लिए रेलवे नाममात्र के किराये पर जमीन उपलब्ध करायेगी।


प्रतिष्ठित ब्रांड को ही अनुमति
रेल मंत्री ने बताया कि रेल नीर उपलब्ध नहीं होने पर वेंडर्स को तयशुदा प्रतिष्ठित ब्रांड की पानी की बोतलें आपूर्ति करना होगा। इसके साथ ही खाने पीने के सामानों में भी पैक्ड फूड में अच्छी कंपनियों के ही सामान रेलवे कैंटीनों व पैंट्री कार में आपूर्ति की अनुमति दी जाएगी। चार महीने के अंदर नये वेंडरों के चयन की प्रक्रिया के बाद नये नियमों को लागू किया जा सकेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed