अन्ना हजारे बोले, देश के लिए खतरा बन रहा आरक्षण
सामाजिक कार्यकर्ता और भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन से चर्चा में आए अन्ना हजारे ने कहा है कि आरक्षण व्यवस्था से देश को खतरा पैदा हो गया है।
उन्होंने कहा कि आजादी के बाद के कुछ सालों तक आरक्षण दिए जाने की आवश्यकता थी, लेकिन अब राजनीतिक दल इसमें शामिल हो चुके हैं। आरक्षण व्यवस्था देश के लिए चुनौती बनती जा रही है।
राजस्थान के सीकर में संवाददाताओं से बातचीत में अन्ना ने इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन से चुनाव चिन्हों को हटाने की मांग की। उल्लेखनीय है कि अन्ना ऐसी मांग पहले भी कर चुके हैं।
अब चुनाव आयोग के खिलाफ संघर्ष
अन्ना ने कहा, 'चुनाव आयोग को बैलट पेपर और ईवीएम से चुनाव चिन्हों को हटा देना चाहिए, क्योंकि ये व्यवस्था संवैधानिक नहीं है।' अन्ना ने कहा कि अपनी मांग मनवाने के लिए वे संघर्ष करेंगे और सीकर से इसकी शुरुआत हो रही है।
अन्ना ने कहा कि उनकी लड़ाई सरकार से नहीं बल्कि चुनाव आयोग से है। कांग्रेस और भाजपा पर भ्रष्टाचार में लिप्त होने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि ये पार्टियां भ्रष्टाचार खत्म नहीं कर सकतीं, भ्रष्टाचार खत्म करने की कुंजी मतदाताओं के पास ही है।
अन्ना ने कहा कि भाजपा लोकसभा चुनावों से पहले भ्रष्टाचार का मुद्दा उठाती थी, लेकिन सत्ता में आने के बाद उसने कोई प्रयास नहीं किया। अन्ना ने कहा कि लोकपाल बिल से 50 फीसदी भ्रष्टाचार खत्म किया जा सकता है।