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'कृष्ण की रासलीला' पर बनी पेंटिंग को लेकर विवाद शुरू

Sun, 12 Apr 2015 09:44 AM IST
Updated Sun, 12 Apr 2015 09:44 AM IST
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controversy on krishna raslila painting

गुवाहाटी में लगी एक चित्रकला प्रदर्शनी में लगी एक पेंटिंग को लेकर बखेड़ा खड़ा हो गया है। इस पेंटिंग में कृष्ण की रासलीला को दर्शाया गया है जिसमें कृष्ण किसी शराबखाने में बिकनी पहनी लड़कियों से घिरे हुए दिखाई पड़ रहे हैं।

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इस पेंटिंग पर धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप लगाए गए हैं लेकर चित्रकार के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाई गई है और इस पेंटिंग को नष्ट करने को लेकर ऑनलाइन अभियान भी छेड़ा गया है। इस विवाद की वजह से इस चित्रकला प्रदर्शनी को समय से पहले बंद भी करवाना पड़ा है।
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चित्रकार अकरम हुसैन असम के ही रहने वाले हैं लेकिन इस विवाद पर टिप्पणी के लिए उनसे संपर्क नहीं हो सका।

यह पहला मौक़ा नहीं है जब किसी पेंटिंग या कलाकृति को लेकर ऐसा विवाद हुआ है। एमएफ़ हुसैन से लेकर पटना के चित्रकला विभाग के एक गुमनाम छात्र तक की पेंटिंग पर बड़े विवाद हो चुके हैं। हुसैन का विवाद तो इतना गहरा गया था कि उन्होंने देश ही छोड़ देने का फैसला किया और आखिरी सांसें भी उन्होंने विदेशी धरती पर ही लीं।
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कलाकार इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मामला बताते हैं जबकि इसका विरोध करने वाले इसे भावनाओं को आहत करने वाला बताते हैं।

बिकनी वाली गोपियां?

controversy on krishna raslila painting

गुवाहाटी से स्थानीय पत्रकार दिलीप कलिता ने अमर उजाला को बताया कि चित्रकार अकरम हुसैन गुवाहाटी के सरकारी आर्ट कॉलेज में अप्लाइड आर्ट का छात्र रहा है और उसने अपने चित्रों की एक प्रदर्शनी सरकारी आर्ट गैलरी रवींद्र भवन में लगाई थी।

बहुत से चित्रों के बीच एक चित्र रासलीला का भी था। इस पेंटिंग में एक शराबखाने को दर्शाया गया है जिसमें एक श्यामवर्ण का व्यक्ति हांथ में बांसुरी लिए खड़ा है। उसमें अपने सर पर मोर का पंख ठीक उसी तरह लगाया हुआ है जैसा कि कृष्ण को चित्रों में दिखाया जाता है। इस व्यक्ति के आसपास सात लड़कियों का चित्रण किया गया है। उसी तरह जिस तरह कृष्ण की रासलीला वाले चित्रों में गोपियों को दिखाया जाता है।

इन लड़कियों में से दो के हाथों में जाम भी है। एक लड़की उस पुरुष का चुंबन ले रही है तो एक जमीन पर बैठी पुरुष के पैरों से लिपटी हुई है। जबकि दो और लड़कियां दोनों ओर से पुरुष के कंधे पर हाथ रखे हुए है।

इस चित्र को कुछ वेबसाइटों ने प्रकाशित भी किया है। इस चित्र की संवेदनशीलता को देखते हुए अमर उजाला ने इसे प्रकाशित न करने का फ़ैसला किया है।

सोशल मीडिया पर विवाद

controversy on krishna raslila painting

इस चित्र को लेकर सात अप्रैल से सोशल मीडिया पर विवाद छिड़ा हुआ है। रितु राठौर ने पेंटिंग के चित्र के साथ तीन दिन पहले इसे ट्वीट किया था जिसमें 210 लोगों ने री-ट्वीट किया। उन्होंने हिंदुत्व की भावना को लेकर सवाल उठाए थे। कुछ लोगों ने मीडिया पर भी सवाल उठाए।

इस तस्वीर को कुछ संगठनों ने फ़ेसबुक पेज पर भी शेयर किया जिस पर ढेर सारे लोगों ने प्रतिक्रिया दी है। अधिकांश लोगों ने इस चित्र पर आपत्ति जताई है। कुछ लोगों ने कहा है कि जिस तरह दूसरे समुदाय के लोग अपने ईष्ट को लेकर संवेदनशील हैं उसी तरह से उन्हें हिंदू धर्म के प्रति भी संवेदनशील होना चाहिए।

दिलीप कतिया का कहना है कि गुवाहाटी में कम से कम दो एफआईआर दर्ज किए गए हैं। पुलिस मामला दर्ज करने के बाद पूछताछ कर रही है। वैसे इंटरनेट सर्च में इस पेंटिंग के खिलाफ सिलचर में दर्ज एक एफ़आईआर भी दिख रही है।

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