{"_id":"e06528fc-54ed-11e2-9941-d4ae52bc57c2","slug":"congress-snubs-tharoor-for-his-tweet-over-gangrape-victim","type":"story","status":"publish","title_hn":"थरूर की बेबाकी से कांग्रेस नाराज, लगाई फटकार","category":{"title":"India News Archives","title_hn":"इंडिया न्यूज़ आर्काइव","slug":"india-news-archives"}}
थरूर की बेबाकी से कांग्रेस नाराज, लगाई फटकार
नई दिल्ली/ब्यूरो
Updated Wed, 02 Jan 2013 08:51 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गैंगरेप पीड़ित युवती का नाम उजागर करने को लेकर केंद्रीय मंत्री शशि थरूर के बयान पर भले ही परिवार ने हामी भर दी हो लेकिन कांग्रेस उनके बयान से बेहद खफा है। पार्टी ने थरूर को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा है कि ज्यादा अच्छा होता कि वह सरकार में तय फोरम में अपनी राय रखते। थरूर के बड़बोलेपन पर कांग्रेस ने सख्त ऐतराज जताया है।
विज्ञापन
कांग्रेस प्रवक्ता राशिद अल्वी ने कहा है कि थरूर सरकार का हिस्सा हैं। यह उनकी निजी राय हो सकती है। मगर यह ज्यादा बेहतर होता कि वह अपनी राय सरकार को देते क्योंकि आखिरकार सरकार को ही फैसला लेना है।
विज्ञापन
कांग्रेस ने युवती के नाम पर कानून का नाम रखने की मांग को भी परोक्ष रूप से खारिज किया है। अल्वी ने कहा कि हमारे देश में ऐसा चलन नहीं है। जब उनसे पूछा गया कि परिवार थरूर की बात से सहमत है तो उन्होंने कहा कि यह एक अलग मुद्दा है। उन्होंने आगे कहा कि उनके ध्यान में ऐसा कोई कानून आईपीसी का नहीं है जो किसी नाम से जुड़ा हो।
विज्ञापन
दरअसल, कांग्रेस का मानना है कि थरूर ने इस संवेदनशील मसले पर खुलकर अपनी राय जाहिर कर एक तरह से यूपीए सरकार पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। पार्टी का मानना है कि युवती का नाम उजागर करने या नहीं करने की छिड़ी नई बहस में सरकार ही कटघरे में खड़े हो रही है, क्योंकि इस पर फैसला आखिरकार सरकार को ही लेना है। एक केंद्रीय मंत्री की ओर से यह बहस शुरू होने के कारण सरकार की भूमिका पर बड़ा सवाल उठ सकता है।
मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री शशि थरूर ने मंगलवार को ट्वीट कर सवाल खड़ा किया था कि आखिर युवती का नाम उजागर क्यों नहीं किया जा रहा है। ऐसा करके आखिर क्या मकसद हासिल हो रहा है। साथ ही उन्होंने मांग की थी कि बलात्कार के खिलाफ बनाए जा रहे नए संशोधित कानून का नाम युवती के नाम पर रखकर उसे सम्मान देना चाहिए।