मरे नेता को बनाया स्क्रीनिंग कमेटी मेंबर!
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कांग्रेस में गड़बड़ियों का सिलसिला थमा नहीं है। ऐसा लग रहा है मानो पार्टी लोकसभा चुनावों की हार से सबक नहीं ले पाई है। स्थानीय कार्यकर्ताओं और आलाकमान में अब भी संवादहीनता बनी हुई है। पार्टी के फैसलों से नेताओं को ही नहीं कार्यकर्ताओं को भी शर्मिंदगी उठानी पड़ रही है।
शुक्रवार को पार्टी ने ऐसा ही एक फैसला लिया, जिससे कांग्रेस नेताओं की बहुत ही किरकिरी हुई।
दरअसल, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने शुक्रवार को हरियाणा, जम्मू कश्मीर, महाराष्ट्र और झारखंड के विधानसभा चुनाव के उम्मीदवारों के चयन के लिए स्क्रीनिंग कमेटी का गठन किया। पार्टी ने जम्मू-कश्मीर के लिए गठित कमेटी में एक ऐसे सदस्य का चयन कर लिया, जिसकी मृत्यु हो चुकी है।
मरे नेता को बना दिया स्क्रीनिंग कमेटी मेंबर
जम्मू-कश्मीर के लिए गठित स्क्रीनिंग कमेटी में कांग्रेस ने स्थानीय नेता चौधरी मोहम्मद असलम को भी रखा था, जबकि उनकी 16 जून को ही मौत हो चुकी थी।
पार्टी को जब ये जानकारी दी गई तो उन्होंने तुरंत ही अपनी गलती सुधार ली और चौधरी की जगह जम्मू-कश्मीर के कांग्रेस विधायक दल के नेता को सदस्य बना दिया गया।
स्क्रीनिंग कमेटी का अध्यक्ष अजय माकन को बनाया गया, कमेटी के अन्य सदस्यों में राज्य की प्रभारी अंबिका सोनी और वरिष्ठ नेता सैफुद्दीन सोज भी हैं।
कांग्रेस विधायक दल के नेता थे असलम
पार्टी आलाकमान से इस लापरवाही की स्थानीय नेताओं ने कड़ी आलोचना की। जम्मू-कश्मीर के एक कांग्रेस नेता ने कहा कि उनकी (चौधरी मोहम्मद असलम) की मौत हो गई है और आलाकमान को ये पता भी नहीं है? वह एक वरिष्ठ नेता थे।
चौधरी कश्मीर में कांग्रेस के बड़े नेताओं में से एक थे। वह विधानसभा में कांग्रेस के विधायक दल के नेता भी रह चुके थे।
कांग्रेस के एक अन्य नेता ने इस मामले पर कहा, 'यह बिलकुल साफ हो चुका है कि पार्टी के मैनेजर और रणनीतिकार कार्यकर्ताओं के संपर्क में नहीं हैं।