सफाई के मामले में ‘सुखीस्तान’ है सिक्किम
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जैविक खेती के मायने में देश की शान बना सिक्किम स्वच्छता के मायने में भी मिसाल कायम कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिक्किम सरकार के स्वच्छता अभियान की जमकर तारीफ की है। पीएम मोदी ने कहा कि स्वच्छता के मायने में भी सिक्किम बेमिसाल है। सिक्किम को उन्होंने धरती का सुखीस्तान करार दिया।
पीएम ने कहा कि चुनौतियों के बावजूद प्रदेश के लोग मिसाल कायम हुए हैं। उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है कि देश के दस बड़े स्वच्छ शहरों में प्रदेश की राजधानी गंगटोक का नाम शुमार है।
इस मामले में पर्वतीय राज्यों में यह पहले नंबर पर है। सिक्किम जैविक फेस्टिवल में शामिल होने के लिए दो दिवसीय यात्रा पर पहली बार गंगटोक आए पीएम ने मंगलवार को जैविक उत्पादों की प्रदर्शनी भी देखी।
हर ओर दिखती है स्वच्छता
दरअसल सिक्किम में पीएम मोदी के स्वच्छ भारत की परिकल्पना पहले से ही है। मुख्यमंत्री पवन चामलिंग ने सूबे में स्वच्छता कायम करने के लिए पहले से ही कई कड़े नियम कायदे बनाए हैं। पयार्वरण संतुलन साधे रखने के प्रयास में इस वर्ष से आतिशबाजी पर भी रोक लगा दी गई है।
पॉलीथिन का उपयोग पूर्ण रूप से प्रतिबंधित है। विश्व पर्यावरण दिवस पर प्रदेश के मुख्यमंत्री, राज्यपाल से लेकर सूबे का हर नागरिक वृक्षारोपण करता है। इसके अलावा स्मृति वन की योजना चलाई जाती है।
जंगल में लोगों को जगह आवंटित किए गए हैं। हर व्यक्ति अपने मृत परिजन की स्मृति में पेड़ लगाता है। खुले में शौच के अभिशाप से प्रदेश पहले ही मुक्त हो चुका है। इस मायने में भी यह देश का पहला राज्य है। सभी घरों में शौचालय बने हुए हैं।
नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई
प्रदेश में स्वच्छता कायम करने के लिए कडे़ नियम हैं। सूबे में टैक्सी के व्यवसाय से जुड़े चालकों को ट्रेनिंग दी गई है कि वे पर्यटक के प्रदेश में घुसने से पहले ही यहां के नियम कायदों की जानकारी दें।
हर टैक्सी में कूडे़दान रखने को अनिवार्य बनाया गया है। नियम का पालन न करने वाले वाहन मालिकों पर 500 रुपये जुर्माना है। स्वच्छता के नियमों से कोई समझौता नहीं है। सार्वजनिक जगह पर गुटखा खाने और बेचने पर पाबंदी है।
सावर्जनिक अथवा खुले जगह पर कहीं भी कोई व्यक्ति सिगरेट का सेवन नहीं कर सकता है। पहले दो बार पकडे़ जाने पर उस पर 200 रुपये का जुर्माना लगेगा। तीसरी बार गलती दोहराने पर सीधे छह माह की जेल है।
ऐसे कायम रहती है सफाई
सिक्किम में कोई भी व्यक्ति खुले में शौच या पेशाब नहीं कर सकता है। पकड़े जाने पर 5 हजार रुपये का जुर्माना है। जगह-जगह सावर्जनिक शौचालय बने हैं। वहीं खुले में कूड़ा फेंकने की भी मनाही है। इस नियम का पालन न करने वालों पर भी पांच हजार का जुर्माना लगता है।